Budget 2026: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने 2026-27 का 53 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा का बजट पेश किया। इसमें इन्फ्रास्ट्रक्चर और शिक्षा पर जोर देते हुए लड़कियों के हॉस्टल और 15,000 स्कूलों में AVGC लैब शुरू करने का ऐलान किया गया है, जिससे 2030 तक लाखों युवाओं को रोजगार मिलने की उम्मीद है।
Budget 2026: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने रविवार को 2026-27 का बजट पेश किया, जिसका कुल आकार 53 लाख करोड़ रुपये से अधिक है। इस बजट में सरकार ने विकास पर खास जोर दिया है और इन्फ्रास्ट्रक्चर के लिए 12 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा खर्च करने का फैसला किया है। शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए देश के हर जिले में लड़कियों के लिए हॉस्टल बनाए जाएंगे। साथ ही, मुंबई में स्थापित होने वाले क्रिएटिव टेक्नोलॉजी इंस्टीट्यूट के माध्यम से 15,000 स्कूलों में AVGC (एनिमेशन, विज़ुअल इफेक्ट्स, गेमिंग और कॉमिक्स) लैब शुरू की जाएंगी, जिससे 2030 तक करीब 20 लाख युवाओं को रोजगार मिलने की उम्मीद है।
बजट भाषण में वित्त मंत्री ने बताया कि पशु-चिकित्सा क्षेत्र में पेशेवरों की संख्या बढ़ाने पर खास ध्यान दिया जाएगा और निजी निवेश को प्रोत्साहित करने के लिए पूंजी सब्सिडी योजना लाई जाएगी। सरकार 1.5 लाख केयर सर्विस प्रोवाइडर्स को प्रशिक्षित करेगी और ऑरेंज इकोनॉमी की जरूरतों को देखते हुए 2030 तक करीब 20 लाख पेशेवर तैयार करने का लक्ष्य रखा गया है। पर्यटन और जैव विविधता को बढ़ावा देने के लिए आंध्र प्रदेश और तमिलनाडु में पुलिकट झील के आसपास बर्ड वॉचिंग ट्रेल विकसित किए जाएंगे। इसके साथ ही भारत इस वर्ष पहले ग्लोबल बिग कैट शिखर सम्मेलन की मेजबानी करेगा, जिसमें 95 देशों के प्रतिनिधि शामिल होंगे।
दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने बजट की सराहना करते हुए एक्स पर पोस्ट किया कि इसमें पूंजीगत व्यय का आवंटन बढ़ाकर 12.2 लाख करोड़ रुपये किया गया है। उन्होंने कहा कि यह कदम बुनियादी ढांचे को मजबूत करने और दीर्घकालिक आर्थिक विकास को रफ्तार देने की दिशा में एक बड़ा और निर्णायक फैसला है।
दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने दिल्ली-वाराणसी हाईस्पीड रेल कॉरिडोर के निर्माण की घोषणा पर खुशी जताते हुए ट्वीट किया कि यह केवल एक रेल परियोजना नहीं, बल्कि गति, प्रगति और जनविश्वास का सशक्त प्रतीक है। इससे दिल्ली की कनेक्टिविटी नए स्तर पर पहुंचेगी, पर्यटन को नई ऊर्जा मिलेगी, युवाओं के लिए बड़े पैमाने पर रोजगार के अवसर बनेंगे और Ease of Doing Business को भी मजबूत आधार मिलेगा। उन्होंने कहा कि आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर के साथ दिल्ली राष्ट्रीय विकास की धुरी के रूप में और अधिक सशक्त होगी।