
Delhi Building Collapse: दिल्ली के चावड़ी बाजार में गुरुवार को ढही तीन मंजिला इमारत को लेकर बड़ा खुलासा हुआ है। अधिकारियों के मुताबिक, दिल्ली पुलिस ने करीब पांच महीने पहले ही नगर निगम (MCD) को इमारत में हो रहे कथित अवैध निर्माण की जानकारी दी थी, लेकिन इस पर कोई कार्रवाई की गई या नहीं, इसकी जानकारी पुलिस अधिकारियों को नहीं है। हादसे में अब तक दो लोगों की मौत हुई है, जबकि एक व्यक्ति घायल हुआ है।
जांच से जुड़े एक वरिष्ठ अधिकारी ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि शिकायत मिलने के बाद 15 जून को 4547, गली शीश महल, चावड़ी बाजार में कथित अनधिकृत निर्माण की जानकारी MCD को दी गई थी। अधिकारी के मुताबिक, पुलिस को अब तक इस बात की जानकारी नहीं है कि नगर निगम ने इस शिकायत पर कोई कार्रवाई की थी या नहीं। मामले पर MCD का पक्ष जानने के लिए संपर्क किया गया है।
पीटीआई के मुताबिक, हादसा चावड़ी बाजार मेट्रो स्टेशन के पास गली सितारा में सुबह करीब 9:50 बजे हुआ। मलबे में कितने लोग फंसे थे, इसकी तत्काल जानकारी नहीं मिल सकी। एक प्रत्यक्षदर्शी ने बताया कि इमारत में करीब 7 से 8 मजदूर काम कर रहे थे और तीसरी मंजिल के लैंटर का काम चल रहा था। प्रत्यक्षदर्शी के मुताबिक, करीब 9:30 बजे लैंटर गिर गया।
हादसे के कुछ घंटे बाद मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के निर्देश पर MCD ने असिस्टेंट इंजीनियर (AE) मोहम्मद नईम और जूनियर इंजीनियर (JE) अमन दलाल को निलंबित कर दिया। मुख्यमंत्री ने हादसे की विस्तृत जांच के आदेश दिए हैं। साथ ही निर्माण कार्य से जुड़े ठेकेदार के खिलाफ FIR दर्ज करने के निर्देश दिए गए हैं।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने घटनास्थल का दौरा किया और कहा कि निर्माण के दौरान सुरक्षा मानकों की अनदेखी लोगों की जान के लिए गंभीर खतरा बन सकती है। उन्होंने बताया कि अब तक मलबे से दो शव बरामद किए गए हैं और एक घायल व्यक्ति को बचाया गया है। मुख्यमंत्री के मुताबिक, इमारत ग्राउंड प्लस दो मंजिला थी और हादसे की सही वजह विस्तृत जांच के बाद सामने आएगी।
मुख्यमंत्री कार्यालय ने भी कहा कि घायलों को बेहतर से बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने और प्रभावित परिवारों को तत्काल आर्थिक सहायता देने के निर्देश दिए गए हैं। CMO के मुताबिक, जिम्मेदार पाए जाने वाले लोगों के खिलाफ कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।