अगले 36 दिनों तक दूसरे राज्यों से दिल्ली में प्रवेश करने वाले कमर्शियल गाडियों को टोल प्लाजा (नाके) पर टोल टैक्स देने की जरूरत नहीं है। हालांकि इस दौरान ईसीसी (ग्रीन) चार्ज पहले की तरह ही भुगतान करना होगा।
नई दिल्ली। दूसरे राज्यों से राजधानी दिल्ली में प्रवेश करने वाले कमर्शियल गाड़ियों के चालकों के लिए एक खुशखबरी है। दरअसल अगले 36 दिनों तक दिल्ली में प्रवेश करने वाले कमर्शियल गाडियों को टोल प्लाजा (नाके) पर टोल टैक्स देने की जरूरत नहीं है। हालांकि इस दौरान ईसीसी (ग्रीन) चार्ज पहले की तरह ही भुगतान करना होगा। बता दें कि इस बाबत एमसीडी के अफसरों को कहना है कि टोल प्लाजा पर ट्रैफिक जाम की समस्या से निपटने के लिए जो रेडियो फ्रीक्वेंसी आइडेंटिफिकेशन डिवाइस (आरएफआईडी) लगाने का प्लान बनाया गया है, उस प्लान के तहत सिविल वर्क किया जाएगा। बता दें कि इससे पहले अदालत ने दिल्ली सरकार से पूछा था कि दिल्ली कब तक जाम मुक्त हो पाएगा।
दिल्ली में हर रोज करीब 1.80 लाख गाड़ियों के होती है एंट्री
आपको बता दें कि दक्षिण एमसीडी स्टैंडिंग कमिटी चेयरमैन शिखा राय ने बताया कि दूसरे राज्यों से राजधानी में कमर्शियल वाहनों की एंट्री के लिए 13 टोल प्लाजा पड़ते हैं। इन टोल प्लाजा से करीब हर रोज 1.80 लाख वाहनों की एंट्री होती है। पीक ऑवर के दौरान इन जगहों में लंबी-लंबी जाम लग जाते हैं इससे आम लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है। इस समस्या से निजात दिलाने के लिए एमसीडी ने टोल बॉर्डर पर रेडियो फ्रीक्वेंसी आइडेंटिफिकेशन डिवाइस (आरएफआईडी) लगाने का प्लान बनाया है, ताकि 10 साल से कम पुरानी गाड़ियां टोल बॉर्डर से बिना रुके निकल सकें और जाम न हो। एमसीडी के मुताबिक 9 अगस्त से 13 सितंबर तक इस बाबत कार्य किया जाएगा। इस दौरान किसी भी वाहन चालक से कोई टोल टैक्स नहीं वसूला जाएगा। हालांकि जिन गाड़ियों में सामान भरा होगा उन्हें पहले की तरह ग्रीन चार्ज देना होगा। बता दें कि इससे पहले अदालत ने दिल्ली सरकार से राजधानी को जाम मुक्त कराने के लिए फटकार लगा चुका है।