
Dimple Yadav meets Sonam Wangchuk: शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर दिल्ली के जंतर-मंतर पर भूख हड़ताल पर बैठे प्रख्यात सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक के आंदोलन को अब विपक्षी दलों का समर्थन मिलने लगा है। सोनम वांगचुक की भूख हड़ताल मंगलवार को 19वें दिन में प्रवेश कर गई। इसी बीच समाजवादी पार्टी (SP) की सांसद डिंपल यादव जंतर-मंतर पहुंचीं और उनसे मुलाकात कर आंदोलन के प्रति अपना समर्थन जताया।
सांसद डिंपल यादव ने दिल्ली के जंतर-मंतर पर कहा कि 20 जुलाई से शुरू होने वाले संसद सत्र में पार्टी नीट (NEET) परीक्षा विवाद समेत छात्रों से जुड़े सभी अहम मुद्दों को मजबूती से उठाएगी। उन्होंने कहा कि संसद में कई महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा होनी है और नीट का मामला भी उनमें प्रमुख है। डिंपल यादव ने कहा कि समाजवादी पार्टी छात्रों के हितों से जुड़े सभी मुद्दों को संसद में उठाएगी और सरकार से जवाब मांगेगी।
दिल्ली के जंतर-मंतर पर पिछले 19 दिनों से अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर बैठे सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक की सेहत पर डॉक्टरों की लगातार निगरानी रखी जा रही है। गुरुवार को वरिष्ठ जनरल फिजिशियन डॉ. सतीश लांबा द्वारा जारी हेल्थ बुलेटिन के अनुसार, भूख हड़ताल शुरू होने के बाद से वांगचुक का वजन 9 किलोग्राम से अधिक कम हो चुका है। जांच के दौरान उनके रक्त में शुगर का स्तर 80 मिलीग्राम प्रति डेसीलीटर और नाड़ी की गति 72 बीट प्रति मिनट दर्ज की गई। वहीं, लेटे हुए उनका ब्लड प्रेशर 105/61 एमएमएचजी और बैठने की स्थिति में 101/65 एमएमएचजी रिकॉर्ड किया गया। डॉक्टरों के मुताबिक, लंबे समय से उपवास पर होने के बावजूद उनके शरीर में पानी की कमी नहीं है और उनकी मानसिक स्थिति भी सामान्य बनी हुई है।
दिल्ली हाईकोर्ट ने गुरुवार को जंतर-मंतर पर अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर बैठे सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक के स्वास्थ्य को लेकर चिंता जताते हुए अधिकारियों को उनकी सेहत की रोजाना निगरानी करने का निर्देश दिया। मुख्य न्यायाधीश डी.के. उपाध्याय और न्यायमूर्ति तेजस करिया की पीठ ने कहा कि प्रत्येक नागरिक का जीवन बेहद मूल्यवान है और सरकार का दायित्व है कि उसकी सुरक्षा के लिए हरसंभव प्रयास करे। अदालत ने निर्देश दिया कि सरकारी डॉक्टर नियमित रूप से वांगचुक का स्वास्थ्य परीक्षण करें और आवश्यकता पड़ने पर उन्हें तुरंत चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराई जाए।