रिलायंस जियो इन्फोकॉम लिमिटेड के अध्यक्ष (प्रेसिडेंट) एवं मुख्य वित्तीय अधिकारी (सीएफओ) रजनीश जैन की पुस्तक ‘क्वाइट एक्सीलेंस: 52 रिफ्लेक्शंस ऑन वर्क, फेथ एंड व्हाट ट्रूली मैटर्स’ का रविवार को इंडिया इंटरनेशनल सेंटर (आईआईसी) में लोकार्पण किया गया। यह पुस्तक जीवन, नेतृत्व, आस्था और रोजमर्रा के अनुभवों से जुड़ी 52 छोटी लेकिन सार्थक सीखों, विचारों और अनुभवों का संग्रह है। पुस्तक इस बात पर जोर देती है कि जीवन और पेशेवर सफलता केवल बड़े निर्णयों से नहीं, बल्कि दैनिक आदतों, मानवीय संवेदनाओं और मूल्यों से भी आकार लेती है। इस अवसर पर रजनीश जैन ने कहा कि हमारा समाज और हमारा देश हमेशा से एक गहरी सामूहिक चेतना से प्रेरित रहा है।
नई दिल्ली। रिलायंस जियो इन्फोकॉम लिमिटेड के अध्यक्ष (प्रेसिडेंट) एवं मुख्य वित्तीय अधिकारी (सीएफओ) रजनीश जैन की पुस्तक ‘क्वाइट एक्सीलेंस: 52 रिफ्लेक्शंस ऑन वर्क, फेथ एंड व्हाट ट्रूली मैटर्स’ का रविवार को इंडिया इंटरनेशनल सेंटर (आईआईसी) में लोकार्पण किया गया।
यह पुस्तक जीवन, नेतृत्व, आस्था और रोजमर्रा के अनुभवों से जुड़ी 52 छोटी लेकिन सार्थक सीखों, विचारों और अनुभवों का संग्रह है। पुस्तक इस बात पर जोर देती है कि जीवन और पेशेवर सफलता केवल बड़े निर्णयों से नहीं, बल्कि दैनिक आदतों, मानवीय संवेदनाओं और मूल्यों से भी आकार लेती है। इस अवसर पर रजनीश जैन ने कहा कि हमारा समाज और हमारा देश हमेशा से एक गहरी सामूहिक चेतना से प्रेरित रहा है। यही सामूहिक चेतना हमें जीवन में महत्वाकांक्षा और विनम्रता, कर्म और चिंतन, सफलता और सार्थकता के बीच संतुलन बनाए रखने में मदद करती है। यदि यह पुस्तक भारत की विशाल सामूहिक चेतना का एक छोटा सा हिस्सा भी बन सके, तो मैं अपने प्रयास को वास्तव में सार्थक मानूंगा। क्वाइट एक्सीलेंस केवल पढऩे के लिए नहीं, बल्कि जीवन में अपनाने योग्य पुस्तक बनने का प्रयास करती है। इसमें ऐसे छोटे अनुभव और सीख शामिल हैं, जो पाठकों को अपने कार्य, सोच और रिश्तों को नए दृष्टिकोण से देखने के लिए प्रेरित करते हैं।
समारोह में मुख्य अतिथि पूर्व भारतीय विदेश सेवा (आईएफएस) अधिकारी, राजनयिक और राजदूत डॉ. दीपक वोहरा थे। इस अवसर पर दिल्ली सरकार के पूर्व मुख्य सचिव नरेश कुमार, ब्रह्माकुमारीज़ की बीके आशा दीदी, भारतीय लागत एवं प्रबंधन लेखाकार संस्थान (आईसीएमएआई) के अध्यक्ष सीएमए टी.सी.ए. श्रीनिवास प्रसाद तथा एचएफसीएल के प्रबंध निदेशक महेंद्र नाहटा सहित कई प्रमुख हस्तियां भी मौजूद रहीं। कार्यक्रम के दौरान वक्ताओं ने कहा कि तेजी से बदलती दुनिया में नेतृत्व केवल उपलब्धियों से नहीं, बल्कि संवेदनशीलता, मानवीय मूल्यों और समाज के प्रति दृष्टिकोण से भी निर्धारित होता है। क्वाइट एक्सीलेंस इन्हीं विचारों को सरल भाषा और वास्तविक अनुभवों के माध्यम से पाठकों तक पहुंचाने का प्रयास करती है।