नई दिल्ली

बिहार के लव गुरु ‘मटुकनाथ’ सुप्रीम कोर्ट में हार गए केस, पत्नी को हर महीने देना होगा एक तिहाई गुजारा भत्ता

बिहार के लव गुरु मटुकनाथ को SC से बड़ा झटका लगा है। कोर्ट ने कहा हर महीने उन्हें अपनी सैलरी का एक तिहाई हिस्सा पत्नी को देना होगा।

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नई दिल्ली। लव गुरु के नाम से मशहूर हुए बिहार के हिन्दी विषय के प्रोफेसर मटुकनाथ को सुप्रीम कोर्ट से बड़ा झटका लगा है। सुप्रीम कोर्ट ने मटुकनाथ को आदेश दिया है कि उन्हें हर महीने अपनी पत्नी आभा को गुजारा भत्ता देना होगा। कोर्ट ने लव गुरु से कहा कि उन्हें वेतन का एक तिहाई हिस्सा अपनी पत्नी को गुजारा-भत्ता के रूप में देना होगा। इसके अलावा जब वो रिटायर हो जाएंगे तो पेंशन का भी एक तिहाई हिस्सा आभा को देना होगा। गौरतलब है कि पिछले 10 साल से आभा अपने हक के लिए लड़ाई लड़ रही थी।

तीन हफ्ते के भीतर दोनों केस को लेंगे वापस

सुप्रीम कोर्ट ने यह भी कहा है कि विभाग सीधे ही इस रकम को काटकर पत्नी के बैंक अकाउंट में ट्रांसफर कर सकता है। इसके अलावा लव गुरु साल 2007 से लेकर अब तक निचली अदालत के आदेश का पालन करते हुए 8.5 लाख रुपए बकाया राशि भी जमा कराएंगे। कोर्ट ने कहा कि तीन हफ्ते के भीतर दोनों एक दूसरे के खिलाफ दाखिल केसों को वापस ले लेंगे। इसके बाद दोनों एक दूसरे पर कोई दावा नहीं करेंगे। यहां आपको बतादें कि इस पहले पिछली सुनवाई में पटना यूनिवर्सिटी के प्रोफेसर मटुकनाथ की पत्नी को सुप्रीम कोर्ट ने सलाह देते हुए कहा था कि ऐसे व्यक्ति के साथ संबंध न रखें, जो आपकी परवाह नहीं करता। कोर्ट ने मटुकनाथ की पत्नी आभा से कहा कि हम आपके हितों की रक्षा करेंगे। कोर्ट ने कहा था कि आप जैसे लोगों को प्रताड़ित नहीं होना चाहिए बल्कि मजबूती से लड़ना चाहिए।

बीएन कॉलेज मे हिन्दी के प्रोफेसर हैं मटुकनाथ

मटुकनाथ पटना यूनिवर्सिटी के बीएन कॉलेज में हिंदी के प्रोफेसर हैं। साल 2006 में वो सुर्खियों में आए थे। दरअसल, मटुकनाथ अपनी उम्र से करीब 30 साल छोटी जूली नामक महिला के साथ रिलेशन में रह रहे थे। इतना ही नहीं साल 2004 में उन्होंने अपनी पत्नी तक को छोड़ दिया था। गौरतलब है कि जूली नामक जिस महिला के साथ मटुकनाथ रिलेशन में रह रहे थे, वो जवाहर लाल नेहरू यूनिवर्सिटी से पास आउट हैं।

Published on:
18 Apr 2018 12:39 pm
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