Bihar News: जदयू के निशाने पर अब राजद सुप्रीमो और पूर्व सीएम लालू प्रसाद यादव और उनकी पत्नी राबड़ी देवी हैं। कारण लालू के पुत्र और पूर्व डिप्टी सीएम तेजस्वी यादव को उनके क्रिकेट जीवन के समय में मिला खेल कीर्ति पुरस्कार है।
Bihar News: गया. बिहार में सत्तारूढ़ जनता दल यूनाईटेड (जदयू) ने मंगलवार को पूर्व क्रिकेटर रहे नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव पर जमकर निशाना और कहा कि यादव को ‘खेल कीर्ति’ पुरस्कार नियमों को ताक पर रखकर उनके पिता लालू प्रसाद यादव और माता राबड़ी देवी की वजह से मिला था। जदयू के मुख्य प्रवक्ता नीरज कुमार ने मंगलवार को संवाददाता सम्मेलन में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव पर कई गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि वर्ष 2003 में तेजस्वी यादव को खेल कीर्ति पुरस्कार मिला था, उस समय उनकी उम्र 12-13 वर्ष की थी। झारखंड में आयोजित खेल में सात मैच में उन्होंने मात्र 37 रन बनाए थे और एक विकेट लिया था। वर्ष 2003 में उनकी माता राबड़ी देवी बिहार की मुख्यमंत्री थी, उनकी बदौलत उन्हें खेल कीर्ति पुरस्कार मिला। देखा जाए तो पूरा-पूरा खेल के क्षेत्र में घाल-मेल किया गया। कुमार ने आगे कहा कि नेता प्रतिपक्ष के पिता लालू प्रसाद यादव जब रेल मंत्री थे, तो दिल्ली से एक बड़े से होटल से रेलवे के कई टेंडर दिए जाते थे, इस वजह से भी उन्हें आईपीएल में रखा गया था।
Bihar News: उन्होंने सवालिया लहजे में कहा कि तेजस्वी कितने होनहार हैं यह समझ जा सकता है। नियमों को ताक पर रखकर खेल कीर्ति पुरस्कार दिया गया। वहीं, एक अन्य खिलाड़ी को भी मनमाने तरीके से कई मैच में खेलने का मौका दिया गया, जो मानसिक रूप से दिव्यांग था। देखा जाए तो माता-पिता के बदौलत तेजस्वी को खेल कीर्ति पुरस्कार मिला और आईपीएल में भी खेलने का मौका मिला, लेकिन जैसे ही लालू यादव रेल मंत्री से हटे, इन्हें भी बैक टू पवेलियन हो जाना पड़ा। जदयू नेता ने कहा कि लालू यादव तेजस्वी को मुख्यमंत्री बनाने के लिए घूमते फिर रहे हैं, यदि वे ना रहे तो इनकी औकात कुछ भी नहीं है। उन्होंने कहा कि राजनीति विरासत भी उन्हें पिताजी की वजह से मिली है। उन्होंने तेजस्वी यादव की शिक्षा से लेकर खेल तक पर कई आरोप लगाए। इस दौरान जदयू जिलाध्यक्ष द्वारका प्रसाद समेत कई वरिष्ठ नेता मौजूद थे।
Bihar News: पटना. जनसुराज के सूत्रधार प्रशांत किशोर ने आरोप लगाया है कि राष्ट्रीय जनता दल (राजद) अध्यक्ष लालू प्रसाद यादव और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने मिलकर पूरे समाज को अनपढ़ बना दिया और इसका नतीजा यह है कि सारे बच्चे मजदूर ही बन रहे हैं। किशोर ने मंगलवार को लालू-नीतीश के 35 साल के शासन का विश्लेषण करते हुए कहा कि बिहार में स्टील, टीवी, सीमेंट आदि नहीं बनता है। बिहार में सिर्फ एक चीज बन रही है, हमारे नौजवान लड़कों को मजदूर बनाया जा रहा है। हमारे राज्य में स्टील या सीमेंट की फैक्ट्री नहीं है, इसलिए हमारे युवाओं को दूसरे राज्यों में जाकर मजदूरी करनी पड़ती है। हमारे राज्य के युवा दूसरे राज्यों में जाकर मजदूरी करने को मजबूर हैं। जनसुराज के सूत्रधार ने कहा कि लालू-नीतीश ने मिलकर पूरे समाज को अनपढ़ बना दिया है। इसका नतीजा यह है कि हमारे सारे बच्चे मजदूर ही बन रहे हैं। उन्होंने कहा कि लालू और नीतीश के राज में ज्यादा फर्क नहीं है। लालू के राज में अपराधी जनता को परेशान करते थे और कुमार-भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के राज में अधिकारी जनता को परेशान करते हैं। कुमार के अफसर राज का आलम यह है कि आम लोगों को चाहे जमीन संबंधी कोई काम करवाना हो या जन्म या मृत्यु प्रमाण पत्र बनवाना हो, अधिकारी बिना रिश्वत लिए काम नहीं करते।