समाचार

बालोतरा बंद का मिलाजुला असर, धरने पर एकत्रित हुए लोग

धरने पर बड़ी संख्या में एकत्रित लोगों ने आरोप लगाया कि पुलिस हत्यारे को गिरफ्तार नहीं कर पाई है। परिजनों ने शव को नहीं उठाया है। धरना स्थल पर पूर्व विधायक मदन प्रजापत, गोपाराम मेघवाल सहित समाज के कई लोग बैठे है। धरना स्थल से ऐलान किया गया कि जुलूस के रूप में पहुंचेंगे और कलेक्टर कार्यालय का घेराव किया जाएगा।

2 min read
Dec 12, 2024

विशनाराम मेघवाल हत्या प्रकरण को लेकर आरोपी की गिरफ्तारी नहीं होने व अन्य मांगों को लेकर गुरुवार को बालोतरा बंद का अब तक मिलाजुला असर है। धरने पर बड़ी संख्या में एकत्रित लोगों ने आरोप लगाया कि पुलिस हत्यारे को गिरफ्तार नहीं कर पाई है। परिजनों ने शव को नहीं उठाया है। धरना स्थल पर पूर्व विधायक मदन प्रजापत, गोपाराम मेघवाल सहित समाज के कई लोग बैठे है। धरना स्थल से ऐलान किया गया कि जुलूस के रूप में पहुंचेंगे और कलेक्टर कार्यालय का घेराव किया जाएगा।विशनाराम की चाकू से मारकर हत्या 10 दिसंबर को आरोपी हर्षदान चारण ने की थी। हत्या के बाद से आरोपी फरार है। इधर परिजनों, मेघवाल समाज और सर्वसमाज की ओर से शव उठाने से इंकार क धरना प्रारंभ कर दिया गया। मांग है कि आरोपी की गिरफ्तारी की जाए। उदयपुर में राज्य सरकार ने जो सहायता पैकेज दिया वो ही पैकेज यहां परिजनों को दिया जाए। दो दिन के धरने के बाद भी मांग पूरी नहीं होने पर गुरुवार को बालोतरा बंद का आह्वान किया गया। यहां पूर्व विधायक मदन प्रजापत, पूर्व मंत्री गोपाराम मेघवाल, रालोपा के थानसिंह डोली सहित दलित नेताओं ेने संबोधित करते हुए कहा कि अन्याय की इस लड़ाई में सर्वसमाज साथ है। पुलिस इसको हल्के में ले रही है। आरोपी का अब तक गिरफ्तार नहीं होना पुलिस के ढीले रवैये को दर्शा रहा है।
बेनिवाल का संदेश
रालोपा के हनुमान बेनिवाल ने भी इस दौरान यहां मोबाइल पर बात कर बताया कि वे इसको संसद में भी रखेंगे। पीडि़त परिवार के साथ न्याय के लिए साथ में है। पुलिस के कर्मचारियेां ने ढीलाई बरती है तो उनके खिलाफ भी कार्यवाही की जाएगी। परिजनों को आर्थिक सहायता और न्याय मिले इसके लिए प्रयास किए जाएंगे।
पूर्व मुख्यमंत्री ने की निंदा
पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने इस घटना की निंदा करते हुए कहा कि प्रदेश में कानून व्यवस्था बदहाल है। दिनदहाड़े दलित युवक की हत्या कर दी गई। आरोपी की गिरफ्तारी नहीं हो रही है। यह बहुत ही निंदनीय है। प्रदेश की कानून व्यवस्था पर भी प्रश्नचिन्ह है।

Published on:
12 Dec 2024 01:09 pm
Also Read
View All

अगली खबर