ब्याह का झांसा देकर 12 लाख रुपए की ठगी का मामला आया सामने, वर-वधू जोड़ी वेबसाइट संचालिका के खिलाफ मामला दर्ज, पीडि़त ने अपनी कृषि भूमि बेचकर किया था पैसों का प्रबंध, पुलिस जुटी जांच में
हनुमानगढ़. ब्याह का झांसा देकर प्रौढ़ से 12 लाख रुपए की ठगी का मामला सामने आया है। आरोप है कि ठगी का पता चलने पर पीडि़त की माता की सदमे से मौत हो गई। इस संबंध में वर-वधू जोड़ी नामक वेबसाइट की संचालिका के खिलाफ जंक्शन थाने में जरिए इस्तगासा मामला दर्ज कराया गया।
पुलिस के अनुसार गुरदीप सिंह (42) पुत्र जसमेल सिंह निवासी वार्ड 44, सुरेशिया ने रिपोर्ट दी कि वह अपनी माता के साथ रहता था। जब मजदूरी करने चला जाता तो माता की देखभाल करने वाला पीछे घर में कोई नहीं होता था। घरेलू कार्यांे में भी कठिनाई होती थी। माता की इच्छा थी कि किसी तरह पुत्र का घर बस जाए। इसलिए माता ने अपने नाम कुछ कृषि भूमि थी जिसे बेचकर उसे विवाह करने के लिए रुपए दे दिए। कहीं से पता चलने पर वर-वधू वेबसाइट से प्राप्त मोबाइल नम्बर 74152-81724 व 83494-43122 पर 16 जून 2023 को सम्पर्क किया। प्रीति जैन नामक महिला ने खुद को वर-वधू वेबसाइट की मालिक बताते हुए शीघ्र उसकी शादी कराने का भरोसा दिलाया। बाद में उसने एक लडक़ी की फोटो भी व्हाट्सएप पर भेजी व फोन पर उससे बात भी करवाई। विश्वास में लेकर आरोपिता प्रीति जैन ने उससे पैसों की मांग की। प्रीति जैन व उसके साथ संलिप्त व्यक्तियों ने अलग-अलग समय में उससे करीब 12 लाख रुपए ले लिए। बाद में उसने शादी कराने तथा पैसे लौटाने से इनकार कर दिया। फिर कभी फोन करने पर किसी झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी देते हुए कहा कि शादी का झांसा देकर हमको तो पैसों की ठगी मारनी थी। आरोप है कि लाखों रुपए की ठगी का पता चलने पर उसकी माता को गहरा सदमा लगा और उनका देहांत हो गया। पुलिस ने आरोपों के आधार पर प्रीति जैन नामक महिला के खिलाफ संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
हनुमानगढ़. चक 5 सीडीआर ग्राम पंचायत सहारणी निवासी सुखपाल सिंह ने शुक्रवार को एसपी को ज्ञापन सौंप पुलिस पर झूठे प्रकरण में फंसाने का आरोप लगाते हुए निष्पक्ष जांच की गुहार लगाई। ज्ञापन में बताया कि वह दोनों पैरों में चोट के चलते चलने-फिरने में असक्षम है। सूरेवाला पुलिस चौकी प्रभारी ने उसे बयान देने के लिए बुलाया था। बुखार के चलते वह नहीं जा सका। इस पर दो अप्रेल को चौकी प्रभारी मय टीम उसके खेत में आकर उसको जबरन गाड़ी में बैठाकर चौकी ले गया। वहां नशा तस्करी के एक आरोपी को बुलाया और राजीनामा करने का दबाव बनाया। इनकार करने पर मारपीट कर पिस्तौल बरामदगी का मिथ्या मामला दर्ज किया गया। आरोप है कि पुलिस व नशा तस्करों की मिलीभगत से उसे झूठे मुकदमे में फंसाया गया है ताकि वह कोर्ट में गवाही ना दे सके। पीडि़त ने आरोपी पुलिसकर्मियों का नार्को टेस्ट कराने, मामले की निष्पक्ष जांच करने व दोषियों पर कड़ी कार्रवाई करने की मांग की है। चेतावनी दी है कि शीघ्र कार्रवाई नहीं हुई तो वह शनिवार से एसपी कार्यालय के समक्ष बेमियादी धरना लगाकर अनशन पर बैठेगा।