मध्यप्रदेश, राजस्‍थान, और छत्‍तीसगढ़ विधानसभा चुनावों के परिणाम धीरे-धीरे साफ होने लगे हैं। छत्‍तीसगढ़ और राजस्‍थान में कांग्रेस आगे चल रही है, जबक‍ि मध्‍य प्रदेश में भाजपा और कांग्रेस के बीच कड़ी टक्कर है।
नोएडा. मध्यप्रदेश, राजस्थान, और छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनावों के परिणाम धीरे-धीरे साफ होने लगे हैं। छत्तीसगढ़ और राजस्थान में कांग्रेस आगे चल रही है, जबकि मध्य प्रदेश में भाजपा और कांग्रेस के बीच कड़ी टक्कर है। चुनावी रुझानों के दौरान साफ होती तस्वीर को देखते हुए कांग्रेस के खेमे में खुशी का माहौल है। दिल्ली से लेकर राजस्थान और छत्तीसगढ़ में कांग्रेसियों ने मिठाई भी बांटनी शुरू कर दी है। 2019 लोकसभा चुनाव से ऐन वक्त पर पहले राजस्थान और छत्तीसगढ़ में एक तरफ जहां कांग्रेस के लिए अच्छी खबर मानी जा रही है। वहीं भाजपा के लिए बूरी। हार जीत के बीच नेताओं की प्रतिक्रिया आनी शुरू हो गई है। कांग्रेस के नेता ने भाजपा की हार को उसकी नीतियों को जिम्मेदार बताया है।
राजस्थान में अभी कांग्रेस को 103 सीट और भाजपा को 69 सीट आती हुई दिखाई दे रही है। वहीं छत्तीसगढ़ में कांग्रेस 67 सीट लेकर बहुमत में आती हुई दिखाई दे रही है। मध्यप्रदेश में कांग्रेस चुनावी रुझानों में बढ़त बनाए हुए है। मध्यप्रदेश में कांग्रेस ११५ सीटो पर आगे चल रही है, भाजपा १०५ सीटो पर है। तीनों की बड़े राज्य आैर अहम माने जा रहे है, क्योकि लोकसभा चुनाव 2019 नजदीक है। कांग्रेस की सरकार इन राज्यों में बनती नजर आ रही है। दरअसल में पिछले विधानसभा और लोकसभा चुनाव में कांग्रेस की स्थिति ठीक नहीं रही। चुनावी नतीजों को देखते हुए कांग्रेसियों ने जश्न मनाना शुरू कर दिया है। मेरठ जिले के कांग्रेस प्रवक्ता अभिमन्यू त्यागी ने बताया कि चुनावी पांच राज्यों में जिस तरह कांग्रेस के पक्ष में आए चुनावी रुझान बता रहे है कि जनता ने भाजपा और मोदी लहर को नकार दिया है। मोदी लहर पूरी तरह खत्म हो चुकी है। उन्होंने बताया कि पांच राज्यों के चुनावों के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जिस भाषा का यूज किया था, इसकी वजह से जनता ने भाजपा को वोट नहीं दिया है। उन्होंने कहा कि जनता ने राहुल गांधी के भोलेपन को जनता ने स्वीकार किया है। जिसकी वजह से कांग्रेस ने चुनाव में लोकसभा से पहले वापसी की है।