एक पंचायत ने ऐसा फरमान सुनाया कि चारों साइड हहाकार मच गया।
नोएडा। करते हैं रेप, लड़की होती है प्रेग्नेंट तो एक लाख रुपये देकर मामला रफा-दफा। जी हां, यह हम नहीं कह रहे। बल्कि, बिजनौर में एक पंचायत के द्वारा ऐसा ही फैसला सुनाया गया है। पंचायत के इस फैसले ने न केवल पीड़ित परिवार को झकझोर दिया, बल्कि पूरे इलाके में सनसनी मचा दी है। इतना ही नहीं इनता सब होने के बाद पुलिस भी इस मामले में चुप्पी साधी हुई है।
यह है पूरा मामला...
बिजनौर जनपद के थाना धामपुर क्षेत्र के एक गांव में पंचायत के तुगलकी फरमान में रुसवा हुई दुष्कर्म पीड़िता का जबरन एक लाख रुपए में प्रधान ने मामले को रफा-दफा कर दिया है। पीड़ित परिवार पंचायत के इस फैसले से सदमे में है। पीड़िता की मां ने बताया कि करीब पांच महीने पहले बनवारी गांव के पूर्व प्रधान के बेटे नईम और उसके दोस्त माजिद ने उसके 13 वर्ष की बच्ची के साथ दुष्कर्म किया। लोक लाज की डर से बच्ची ने अपने मां-बाप को इस घटना के बारे में कुछ भी नहीं बताया। लेकिन, रेप की शिकार हुई लड़की गर्भवती होने पर उसकी तबीयत अचानक बिगड़ने लगी। पीड़िता ने जब अपने घर में इस घटना को बताया तो परिवार वाले के होश उड़ गए। इस घटना को लेकर जब पीड़ित के पिता ने बिरादरी में इस घटना को बताया तो लोगो ने पंचायत कर बच्ची की इज्जत की कीमत महज 1 लाख रुपये लगाकर मामले को रफा-दफा कर दिया। इतना ही नहीं पंचायत ने पीड़िता के परिजनों को गर्भ गिराने की भी नसीहत दे डाली। सबसे आश्चर्य की बात यह है कि इतना सब कुछ होने के बाद भी पुलिस ने अभी तक न तो पंचायत पर ही कोई कार्रवाई की और न ही मुख्य आरोपी दोनों युवको को गिरफ्तार किया है।
सिटी सीओ ने दिया कार्रवाई का आश्वासन
वहीं, जब मामला मीडिया के संज्ञान में आया तो इस घटना को लेकर धामपुर सीओ सिटी अर्चना सिंह ने पुलिस से पूछताछ की, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला। सिटी सीओ ने बताया कि अब तक मामला उनके संज्ञान में नहीं था। पीड़ित द्वारा शिकायत मिलने पर आरोपी के खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। लेकिन, सोचिए जिस तरह से पंचायत द्वारा फरमान सुनाया जा रहा है, उससे कहीं न कहीं समाज में रोष बढ़ता जा रहा है। इतना नहीं यह रोष किसी न किसी दिन घातक रूप ले सकता है।