
Bihar Politics: बिहार के नए शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वायरल वीडियो वाराणसी स्थित बाबा काल भैरव मंदिर का बताया जा रहा है, जहां वे पूजा-अर्चना करने पहुंचे थे। यह वीडियो पूजा के दौरान पुजारी द्वारा दिए गए आशीर्वाद का है। वीडियो वायरल होने के बाद सोशल मीडिया पर लोग अलग-अलग तरह की प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं। कुछ यूजर्स ने इस पर टिप्पणी करते हुए शिक्षा विभाग को लेकर सवाल भी उठाए हैं।
सोशल मीडिया पर यूजर्स इस वीडियो को लेकर अलग-अलग तरह की प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं। कुछ लोग इसे आस्था और परंपरा से जोड़कर देख रहे हैं, जबकि कुछ यूजर्स ने शिक्षा विभाग जैसे अहम मंत्रालय के संदर्भ में सवाल उठाते हुए आलोचनात्मक टिप्पणियां भी की हैं।
हालांकि, इस मामले को लेकर शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी की ओर से अब तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। वहीं वीडियो को लेकर राजनीतिक और सामाजिक स्तर पर भी चर्चा जारी है। शिक्षा मंत्री का पदभार ग्रहण करने के बाद मिथिलेश तिवारी ने मां विंध्यवासिनी धाम में पूजा-अर्चना और दर्शन किए। इसके अलावा उन्होंने काशी विश्वनाथ मंदिर तथा बीएचयू स्थित नए विश्वनाथ मंदिर में भी दर्शन-पूजन किया।
बिहार के नए शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी गोपालगंज जिले की बैकुंठपुर विधानसभा सीट से विधायक हैं। बीजेपी ने वर्ष 2025 के विधानसभा चुनाव में उन पर भरोसा जताते हुए उम्मीदवार बनाया था, जिसमें उन्होंने जीत हासिल की। मिथिलेश तिवारी वर्ष 1988 में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) से जुड़े थे। इसके बाद 1990 में वे भारतीय जनता पार्टी की सक्रिय राजनीति में आए और तब से लगातार संगठन और राजनीति में सक्रिय रहे।
उन्होंने पहली बार वर्ष 2005 में बीजेपी के टिकट पर कटेया विधानसभा सीट से चुनाव लड़ा था। हालांकि, इस चुनाव में उन्हें बसपा उम्मीदवार अमरेंद्र कुमार पांडेय उर्फ पप्पू पांडेय से कड़े मुकाबले में हार का सामना करना पड़ा।
इसके बाद वर्ष 2015 में बीजेपी ने उन्हें बैकुंठपुर विधानसभा सीट से उम्मीदवार बनाया, जहां उन्होंने जीत दर्ज की। वहीं 2020 के विधानसभा चुनाव में एनडीए उम्मीदवार के तौर पर मैदान में उतरे, लेकिन इस बार उन्हें हार मिली।
इसके बाद 2025 के विधानसभा चुनाव में मिथिलेश तिवारी ने एक बार फिर वापसी करते हुए जीत हासिल की और अब उन्हें बिहार सरकार में शिक्षा मंत्री की जिम्मेदारी सौंपी गई है।