जिले में पहली बार बच्चों के कोरोना वायरस (Corona Virus) से संक्रमित होने का मामला सामने आया है। दोनों बच्चों में से एक की उम्र तीन साल व दूसरे की 10 साल है।
पीलीभीत. जिला प्रशासन द्वारा जिले में कोरोना वायरस (Corona Virus) को रोकने की तमाम कोशिशों के बाद भी कोविड-19 (Covid-19) थमने का नाम नहीं ले रहा है। बड़ों के साथ साथ अब इसने बच्चों को भी अपनी चपेट में लेना शुरू कर दिया है। गुरुवार को जिले में तीन नए मामले सामने आए हैं, जिसमें दो बच्चे व एक युवक शामिल हैं। दोनों बच्चों में से एक की उम्र तीन साल व दूसरे की 10 साल है।
परिवार के साथ दिल्ली से लौटे थे बच्चे
जानकारी के मुताबिक बरखेड़ा के खमरिया पंडरी के रहने वाले हैं। ये 16 मई को निजी वाहन से परिवार के साथ दिल्ली से लौटे थे। इनके परिवार के बाकी सदस्यों के भी सैंपल लेकर जांच के लिए भेजे गए हैं। सभी परिजनों को होम क्वारंटीन किया गया है। वहीं तीसरा शख्स 27 साल का युवक है। ये अमरिया के गांव भिखारीपुर का रहने वाला है और हाल ही जयपुर से पैदल लौटा है। स्वास्थ्य विभाग ने इनके सैंपल लेकर जांच के लिए भेजे थे, गुरुवार को तीनों में कोरोना की पुष्टि हुई है। बच्चों की मां की रिपोर्ट (Mother Report) अभी प्राप्त नहीं हुई है, जिसका स्वास्थ्य विभाग (Health Department) इंतजार कर रहा है। एमओआईसी डॉ. एस के सिंह का कहना है कि बच्चों के घर टीम भेजकर सूचित कर दिया गया है। जल्द ही बच्चों को कोविड हॉस्पिटल (Covid Hospital) में शिफ्ट कराकर एसीएस कराया जाएगा।
तीसरा संक्रमित जयपुर से लौटकर आया पीलीभीत
वहीं युवक को जहानाबाद स्थित एल वन कोविड हॉस्पिटल (Covid Hospital) में भर्ती कराया गया है। उसके संपर्क में आए लोगों का डाटा तैयार किया जा रहा है। बता दें कि जिले में संक्रमितों का आंकड़ा 34 पहुंच गया है। फिलहाल 31 सक्रिय मामले हैं। इनमें से ज्यादातर लोग बाहर से पीलीभीत आए हैं। फिलहाल 20 मरीजों का इलाज बिथरी चैनपुर स्थित कोविड हॉस्पिटल में चल रहा है। शेष को जहानाबाद एल वन कोविड हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया है।
जिले में बच्चों के संक्रमित होने का पहला मामला
इस मामले में मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. सीमा अग्रवाल का कहना है कि जिले में पहली बार बच्चों के कोरोना से पीड़ित होने का मामला सामने आया है। प्रशासन व डॉक्टर्स पूरी सावधानी बरत रहे हैं। बच्चों की मां की रिपोर्ट आना अभी बाकी है। स्थिति के अनुसार उचित निर्णय लेकर बच्चों का उपचार शुरू किया जाएगा।