आप सांसद संजय सिंह ने अपनी याचिका में पूछा है कि 540 करोड़ का रफाल 1670 करोड़ में क्यों खरीदा गया।
नई दिल्ली: रफाल विमान सौदे को लेकर आम आदमी पार्टी कांग्रेस से एक कदम आगे निकल गई है। आप के राज्यसभा सांसद संजय सिंह ने भारत और फ्रांस के बीच हुए रफाल लड़ाकू विमानों की खरीद मामले की जांच, विशेष जांच टीम (एसआईटी) से कराने की मांग करते हुए सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। जिसे चीफ जस्टिस रंजन गोगोई ने स्वीकर करते हुए 10 अक्टूबर को इसी मसले पर दाखिल अन्य याचिकाओं के साथ सुनवाई करने का फैसला किया है।
540 करोड़ का रफाल 1670 करोड़ में क्यों खरीदा: संजय सिंह
आप सांसद ने सिलसिलेवार ट्वीट में लिखा कि रफाल रक्षा सौदे में हुए लगभग 36 हजार करोड़ के महाघोटाले के खिलाफ आज सुप्रीम कोर्ट में याचिका दाखिल किया। 540 करोड़ का रफाल 1670 करोड़ में क्यों खरीदा ? 78 साल पुरानी एचएएल को दरकिनार कर 12 दिन पुरानी अंबानी को ठेका क्यों दिया? संसद में मंत्री ने मुझे झूठा जवाब क्यों दिया?
अंबानी को हजारों करोड़ का ठेका क्यों, रिश्वत किसने खाई: आप सांसद
संजय सिंह ने दूसरे ट्वीट में लिखा कि फ्रांस के पूर्व राष्ट्रपति ने बयान दिया कि अनिल अंबानी को हजारों करोड़ का ठेका मोदी सरकार ने दिलाया, फ्रांस के पूर्व राष्ट्रपति के गर्लफ्रेंड के फिल्म में अंबानी ने पैसा क्यों लगाया? वहीं एक अन्य ट्वीट में उन्होंने लिखा कि डेसॉल्ट कम्पनी के सीईओ ने डील फाइनल होने के 17 दिन पहले वायु सेना प्रमुख और एचएएल के चेयरमैन के सामने कहा डील लगभग फाइनल है जल्द ही हस्ताक्षर होंगे फिर अचानक अनुभवशील एचएएल को किनारे कर अंबानी को हजारों करोड़ का ठेका क्यों? रिश्वत किसने खाई?
रक्षा मंत्री को पहले भेजा था कानूनी नोटिस
पिछले महीने भी संजय सिंह ने रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण को इस सौदे में कथित अनियमितताओं पर कानूनी नोटिस भेजा था। नोटिस में पूछा गया कि आखिर क्यों रिलायंस जैसी कंपनी को सौदे के लिए चुना गया? इसके साथ ही उन्होंने रिलायंस को रफाल सौदे से हटाने की भी मांग की है। सौदे से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर सवालों के जवाब नहीं मिलने पर अदालत जाने की धमकी दी थी।