खरगोन

मप्र का पशु मेला, यहां बैलों के दांत देखकर आंकी जाती है उम्र, कीमत एक लाख तक

-मेला मैदान पर पहला बैल बाजार लगा, निमाड़ी नस्ल की खूब रही पूछपरख

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Mar 10, 2022
खरगोन. पहले हाट बाजार में बैलजोडिय़ों का मौलभाव व पूछपरख अच्छी रही।

खरगोन.
मप्र के बड़े पशु मेलों में शामिल खरगोन के नवग्रह मेले की शुरुआत दस मार्च से हो गई है। पहले हाट बाजार में यहां निमाड़ नस्ल की तगड़ी बैलजोडिय़ां बिकने के लिए आई। किसान सजा-धाकर बैलों को लेकर मेले में पहुंचे। यहां बैलों की उम्र और उनकी मजबूती का आंकलन उनके दांत देखकर किया जाता है। पहले बाजार में बैल जोडिय़ां ८० हजार से लेकर एक लाख तक बिकी।
निमाड़ के प्रसिद्ध नवग्रह मेले की शुरुआत 10 मार्च से हो गई। गुरुवार हाट बाजार के बीच पशु बाजार भी लगा। अपेक्षाकृत कम बैल जोडिय़ां पहुंची, लेकिन अधिकांश जोड़ी निमाड़ी नस्ल के बैलों की रही। महाराष्ट्र से भी खरीदार आए। जोडिय़ों की कीमत 70 से 90 हजार रुपए तक रही। खरगोन में पहली बार नवग्रह मेले की शुरुआत मार्च में हुई है। अबकि बार समर्थन और खीचतान के बीच मेले का संचालन देरी से हुआ। सामान्य तौर पर यह मेला जनवरी में लगता है और फरवरी में खत्म हो जाता है। अबकि बार तय समय के अनुसार नगरपालिका ने 10 मार्च से 10 अप्रैल् तक संचालन अवधि तय की है।

1.20 लाख तक बैल जोड़ी की कीमत
गुरुवार को पशु बाजार में चटक रंगों की बैलजोडिय़ां खरीदारों को रिझाने के लिए पहुंची। ग्राम लिक्खी से आए भूपेंद्र पाटीदार तीन-तीन साल कबरे बैल लेकर पहुंचे। इनकी कीमत १.२० लाख रुपए बताई गई। जबकि भगवानपुरा क्षेत्र से आए मंगल बारेला की बैलजोड़ी को महाराष्ट्र के व्यापारी ८५ हजार रुपए में खरीदकर ले गए। महाराष्ट्र के व्यापारी निलेश केलकर, बंशी सोनाने ने कहा- इस मेले का इंतजार सालभर रहता है। यहां की बैलजोडिय़ां खेती के काम में मजबूत होते हैं।

दांत देख उम्र का किया आंकलन
व्यापारियों ने बैलों की उम्र का आंकलन दांत देखकर किया। चार या छह दांत वाले बैलों की पूछपरख ज्यादा देखी गई। बाजार में पहले दिन मजबूती का काम करने वाली बैलजोडिय़ां, रेस वाली बैलजोडिय़ां भी पहुंची। किसानों ने कहा- अगले सप्ताह तक बाजार में पशु ज्यादा आएंगे।

इसलिए खास है यह मेला
चूंकि जिला खेती-किसानी पर आश्रित है। अधिकांश लोग किसान हैं और खेती करते हैं। ऐसे में यहां बैल जोडिय़ां बड़े शौक से पाली जाती है। यहीं कारण है कि यहां की नस्ल दूर-दूर तक फैमस है। यहां की बैलजोडिय़ां मजबूती के कार्य में परिपूर्ण है। लिहाजा इनकी खरीदारी पर ग्राहक भी मुंह मांगे दाम देते हैं।

Published on:
10 Mar 2022 08:23 pm
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