केंद्र को लॉकडाउन को खोलने के तरीके पर प्लानिंग करनी होगी केवल पीएमओ से कोरोना की लड़ाई लड़ेंगे तो हार जाएंगे कोरोना से जंग जिला स्तर पर पॉवर देकर जीती जा सकती है
नई दिल्ली। कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ( Congress Rahul Gandhi ) ने शुक्रवार को कहा कि सरकार को कोरोना वायरस ( coronavirus ) से उत्पन्न संकट के दौरान में लॉकडाउन एग्जिट प्लान ( Lockdown Exit Plan ) को लेकर पारदर्शी ( Transparent ) होने की जरूरत है। 17 मई को लॉकडाउन ( Lockdown ) समाप्ति का जिक्र करते हुए कहा कि हमें लॉकडाउन से उत्पन्न स्थिति को समझने की जरूरत है।
ऑनलाइन वीडियो कॉन्फ्रेंस में राहुल गांधी ने कहा कि हम लॉकडाउन को पीड़ित लोगों को सहायता प्रदान किए बिना जारी नहीं रख सकते। लॉकडाउन एक मनोवैज्ञानिक बदलाव लाता है। यह ऑन-ऑफ स्विच नहीं है। इसलिए अर्थव्यवस्था को बचाने के लिए गरीबों के हाथ में पैसा देना वक्त की मांग है।
सरकार को कोरोना वायरस लॉकडाउन (corona lockdown) खोलने का रास्ता ढूंढना होगा। राहुल गांधी ने कहा कि कोरोना वायरस को लेकर रेड, ग्रीन और ऑरेंज जोन में बांटने का काम राज्य को सौंपना चाहिए। ऑनलाइन प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान उन्होंने यह भी कहा कि अगर कोरोना से लड़ाई को सिर्फ पीएमओ से लड़ेंगे तो हार जाएंगे। राहुल ने काम बंद होने से परेशान लोगों को पैसा देने पर भी जोर दिया।
राहुल गांधी ने कहा कि फिलहाल देश में आपातकाल ( Emergnecy ) जैसे हालात हैं। गरीबों के हाथ में 7500 रुपये देना सही फैसला होगा। हमें अर्थव्यवस्था में चीजों की डिमांड बनाए रखनी होगी। इसके लिए लोगों के हाथ में पैसा देना होगा। कुछ बड़ी कंपनियों को भी बचाकर रखना होगा क्योंकि ये सभी एक दूसरे से जुड़े हैं।
कांग्रेस सांसद ने कहा कि यह वक्त सरकार की आलोचना का नहीं है। हमें लॉकडाउन खोलने के तरीके पर विचार करना होगा।