
Atiq Ahmed brother Ashraf Ahmed: प्रयागराज में माफिया अतीक अहमद के भाई अशरफ की कुर्क की गई जमीन पर अवैध कब्जे और प्लाटिंग का बड़ा मामला सामने आया है। शाहा उर्फ पीपल गांव स्थित इस जमीन पर फाइनेंसर और बिल्डरों ने अवैध रूप से प्लॉटिंग कर आम लोगों को बेच दिया था। मामला सामने आते ही प्रशासन ने तुरंत कार्रवाई शुरू कर दी।
राजस्व विभाग के लेखपाल मनीष कुमार की तहरीर पर एयरपोर्ट थाने में गंभीर धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज कराई गई है। पुलिस ने मोहम्मद मुस्लिम, मोहम्मद नसरत और मोहम्मद आफताब अहमद के खिलाफ नामजद मुकदमा दर्ज किया है। ये लोग अतीक अहमद के फाइनेंसर और चर्चित बिल्डरों से जुड़े बताए जा रहे हैं। आरोप है कि इन्होंने कुर्कशुदा सरकारी जमीन पर कब्जा जमाकर अवैध प्लाटिंग की और प्लॉट बेच दिए।
मामला संज्ञान में आते ही एसडीएम सदर भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने अवैध प्लाटिंग को पूरी तरह ध्वस्त करवा दिया। प्रशासन ने साफ संदेश दिया है कि कुर्क की गई संपत्तियों पर कब्जा करने वाले किसी भी भू-माफिया को बख्शा नहीं जाएगा। ऐसे मामलों में आगे भी कड़ी कार्रवाई जारी रहेगी।
अतीक अहमद और उनके परिवार की संपत्तियों पर पहले भी कई कार्रवाइयां हो चुकी हैं। अतीक और अशरफ की हत्या के बाद उनकी कई संपत्तियां कुर्क की गई थीं। लेकिन भू-माफियाओं का दुस्साहस देखकर प्रशासन अब और सतर्क हो गया है। इस घटना से साफ है कि कुर्की के बावजूद कुछ तत्व जमीन पर कब्जा करने की कोशिश कर रहे थे।
स्थानीय लोगों में इस अवैध प्लाटिंग को लेकर नाराजगी थी। कई लोगों ने इन प्लॉट्स को खरीद लिया था, जिससे अब कानूनी उलझनें भी पैदा हो सकती हैं। प्रशासन ने चेतावनी दी है कि कोई भी व्यक्ति कुर्कशुदा संपत्ति पर लेन-देन न करे, अन्यथा उसके खिलाफ भी कार्रवाई हो सकती है।
प्रयागराज पुलिस और राजस्व विभाग इस मामले की गहन जांच कर रहे हैं। आरोपियों की गिरफ्तारी और आगे की कानूनी प्रक्रिया पर नजरें टिकी हैं। योगी सरकार माफिया राज खत्म करने और अवैध कब्जों पर सख्ती बरतने का दावा करती रही है। इस मामले में भी प्रशासन की तेज कार्रवाई इसी रुख को दर्शाती है।