प्रयागराज

नरेंद्र गिरि मामले में एफआईआर वापस नहीं होगी : महंत रवींद्र पुरी

अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद अध्यक्ष महंत रवींद्र पुरी ने साफ-साफ कहाकि, उनके पूर्ववर्ती महंत नरेंद्र गिरि की मौत के संबंध में दर्ज एफआईआर वापस नहीं लिया जाएगा। इलाहाबाद हाईकोर्ट में अमर गिरि ने एक आवेदन जमा कराया जिसमें मांग की गई है कि, वह एबीएपी के पूर्व अध्यक्ष नरेंद्र गिरि की मौत मामले में दर्ज को एफआईआर को वापस लेना चाहते हैं।
2 min read
नरेंद्र गिरि मामले में एफआईआर वापस नहीं होगी : महंत रवींद्र पुरी
नरेंद्र गिरि मामले में एफआईआर वापस नहीं होगी : महंत रवींद्र पुरी

अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद अध्यक्ष महंत रवींद्र पुरी ने साफ-साफ कहाकि, उनके पूर्ववर्ती महंत नरेंद्र गिरि की मौत के संबंध में दर्ज एफआईआर वापस नहीं लिया जाएगा। इलाहाबाद हाईकोर्ट में अमर गिरि ने एक आवेदन जमा कराया जिसमें मांग की गई है कि, वह एबीएपी के पूर्व अध्यक्ष नरेंद्र गिरि की मौत मामले में दर्ज को एफआईआर को वापस लेना चाहते हैं। इस बयान के बाद अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद अध्यक्ष महंत रवींद्र पुरी इस मामले को साफ किया है। रवींद्र पुरी ने कहा, मैं अमर गिरि और बलबीर गिरि से मिलूंगा और उन चीजों को सुलझाऊंगा जो जनता को झूठा बयान दे रही हैं। मुझे दोनों साधुओं पर पूरा भरोसा है। सीबीआई और राज्य सरकार अभी भी आत्महत्या के मामले की जांच कर रही है। एबीएपी के पूर्व अध्यक्ष और निरंजनी अखाड़े के सचिव महंत नरेंद्र गिरि मामले के संबंध में दर्ज एफआईआर को वापस लेने का कोई सवाल ही नहीं है।

निष्कासन के संबंध में रिपोर्ट झूठी

अमर गिरि को बाघंबरी गद्दी मठ और निरंजनी अखाड़ा से निष्कासित करने के सवाल पर महंत रवींद्र पुरी ने कहा, अखाड़ा और मठ से अमर गिरि के निष्कासन के संबंध में रिपोर्ट झूठी हैं। उन्हें निष्कासित नहीं किया जा सकता है। मुझे यकीन है कि जब मैं एक दो दिनों में प्रयागराज आऊंगा और दोनों से बात करूंगा तो चीजें ठीक हो जाएंगी। महंत रवींद्र पुरी इस समय हरिद्वार में हैं।

मंदिर की जिम्मेदारी अमर गिरि को

महंत रवींद्र पुरी ने कहा कि, कोई भी बड़े हनुमान मंदिर की देखभाल करने वाले अमर गिरि के अधिकारों को वापस नहीं ले सकता क्योंकि नरेंद्र गिरि ने अपने ;कथित सुसाइड नोट में खुद मंदिर की जिम्मेदारी अमर गिरि को दी थी।

मठ या अखाड़े से निष्कासित नहीं

अमर गिरि ने मठ से उनके निष्कासन और उनके मठ के आदेश के बारे में रिपोर्टों का भी खंडन किया। उन्होंने कहा, मुझे समाचार पत्रों के माध्यम से खबर मिली है। हालांकि मुझे ऐसा कोई निर्देश या पत्र नहीं मिला है या उस मामले के लिए महंत बलबीर गिरि से कोई मौखिक सूचना नहीं मिली है कि मुझे मठ या अखाड़े से निष्कासित कर दिया गया है।

महंत नरेंद्र गिरि मामला क्या है जानें

महंत नरेंद्र गिरि का शव 20 सितंबर 2021 को प्रयागराज में जॉर्ज टाउन थाना क्षेत्र के बाघंबरी गद्दी मठ के एक कमरे में लटका हुआ मिला था। उस समय नरेंद्र गिरि देश के 13 मान्यता प्राप्त हिंदू मठों के आदेशों के शीर्ष निर्णय लेने वाले निकाय एबीएपी के अध्यक्ष थे। नरेंद्र गिरि ने अपने कथित सुसाइड नोट में आनंद गिरि और दो अन्य पर मानसिक प्रताड़ना का आरोप लगाया था। तीनों आरोपियों के खिलाफ प्रयागराज के जॉर्ज टाउन पुलिस स्टेशन में आईपीसी धारा 306 के तहत एफआईआर दर्ज की गई थी। इसके बाद आनंद गिरि और दो अन्य को गिरफ्तार कर लिया गया।

Published on:
15 Aug 2022 09:16 am
Also Read
View All
प्रयागराज लेटे हनुमान मंदिर कॉरिडोर: कमिश्नर के निरीक्षण में मिली खामियां, ठेकेदार को फटकार, भुगतान को लेकर दिया निर्देश

प्रयागराज में थमी गंगा, सुस्त पड़ी यमुना, पानी घटने की रफ्तार धीमी होने से फिर बढ़ी चिंता

Prayagraj School Case: 3 साल की बच्ची से यौन शोषण का आरोप, 17 वर्षीय डांस टीचर हिरासत में, CCTV से जांच तेज

अब हिजाब पहनकर स्कूल नहीं जा पाएंगी मुस्लिम छात्राएं, इलाहाबाद हाईकोर्ट का आदेश- इस्लामी धर्म का हिस्सा नहीं

प्रयागराज कमिश्नर की बड़ी कार्रवाई: वीडीओ निलंबित, एडीओ, सीवीओ के निलंबन के लिए शासन को पत्र, सीडीओ को कारण बताओ नोटिस