
रायपुर@संतराम साहू। Chhattisgarh Urban Administration Department: प्रदेश के नगरीय निकायों में लंबित कार्यों और विभागीय निर्देशों के पालन में हो रही देरी को लेकर नगरीय प्रशासन विभाग ने एक बार फिर सख्ती दिखाई है। विभाग की ओर से अब नगर निगम भिलाई, दुर्ग, राजनांदगांव, रिसाली, धमतरी, अंबिकापुर, भिलाई-चरोदा, मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी सहित 53 नगर पालिका, नगर पंचायतों को पत्र जारी किया गया है। संबंधित निकायों को विभागीय निर्देशों के अनुरूप कार्रवाई सुनिश्चित करने और आवश्यक जानकारी उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं।
बता दें कि उक्त सभी निकायों ने राज्य प्रवर्तित कार्यों को समय पर पूरा नहीं किया है। जबकि राशि 2022 से 2025 में ही जारी कर दी गई थी। अभी भी निकायों में कार्य अधूरे बताए जा रहे हैं। इससे पहले भी प्रदेश के 40 नगरीय निकायों को पत्र जारी कर लापरवाही पर फटकार लगाई जा चुकी है। अब शेष निकायों में भी स्थिति की समीक्षा करते हुए विभाग ने पत्र जारी किया है। लगातार पत्र जारी होने से निकायों में हड़कंप की स्थिति है और अधिकारियों को लंबित मामलों में तेजी लाने के निर्देश दिए गए हैं।
नए पत्र की जद में प्रदेश के कई बड़े नगरीय निकाय भी आए हैं। इनमें भिलाई और दुर्ग जैसे प्रमुख शहरी निकायों के साथ राजनांदगांव, रिसाली, धमतरी, अंबिकापुर, भिलाई-चरोदा और मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी समेत कुल 53 निकाय शामिल हैं। विभाग का फोकस निकायों द्वारा दिए गए निर्देशों के पालन, लंबित कार्यों की प्रगति और निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार कार्रवाई सुनिश्चित कराने पर है।
नगरीय प्रशासन विभाग ने इससे पहले 40 निकायों को पत्र जारी कर अधिकारियों को जवाबदेही तय करने और लापरवाही दूर करने के निर्देश दिए थे। अब दूसरे चरण में 53 निकायों को पत्र जारी किया गया है। माना जा रहा है कि विभाग निकायवार स्थिति की निगरानी कर रहा है और जहां भी निर्देशों के पालन में कमी सामने आ रही है, वहां संबंधित अधिकारियों से जवाब मांगा जा रहा है।
विभाग की ओर से लगातार पत्र जारी किए जाने को निकायों की कार्यप्रणाली में सुधार के लिए महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। पत्र मिलने के बाद संबंधित नगरीय निकायों को अब लंबित मामलों में तेजी लानी होगी और विभागीय निर्देशों का पालन सुनिश्चित करना होगा। यदि निर्धारित समय में अपेक्षित कार्रवाई नहीं होती है तो आने वाले दिनों में विभाग की ओर से और सख्त कदम उठाए जाने की संभावना है।