Raipur AIIMS: दो वर्षों में संस्थान ने विभिन्न सुपर-स्पेशियलिटी सेवाओं, अधोसंरचना विकास, अनुसंधान गतिविधियों और आधुनिक क्लीनिकल सेवाओं में उल्लेखनीय प्रगति की है।
Raipur AIIMS: एम्स रायपुर को दुनिया के बेस्ट अस्पतालों में 39वां नंबर मिला है। यह गर्व का विषय हो सकता है, लेकिन कई बदइंतजामी के चलते यहां इलाज कराने वाले मरीजों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। देश के सर्वश्रेष्ठ सरकारी अस्पतालों में 6वां व नए एम्स में पहला स्थान मिलने का दावा प्रबंधन ने किया है। न्यूज वीक की वर्ल्ड्स बेस्ट हॉस्पिटल्स इन इंडिया 2026 की सूची आई है।
प्रबंधन का दावा है कि यह रैंकिंग मरीजों की बेहतर देखभाल, चिकित्सा शिक्षा, अनुसंधान और नवाचार के क्षेत्र में तेजी के कारण मिली है। यह अंतरराष्ट्रीय मान्यता अस्पताल की गुणवत्ता, विशेषज्ञों की सिफारिश, मरीजों के अनुभव तथा पेशेंट रिपोर्टेड आउटकम मीजर जैसे विभिन्न मानकों के आधार पर दी गई है। पिछले दो वर्षों में संस्थान ने विभिन्न सुपर-स्पेशियलिटी सेवाओं, अधोसंरचना विकास, अनुसंधान गतिविधियों और आधुनिक क्लीनिकल सेवाओं में उल्लेखनीय प्रगति की है।
संस्थान की प्रमुख उपलब्धियों में मध्य भारत की पहली सरकारी रोबोटिक सर्जरी सुविधा देवहस्त, प्रदेश की पहली बीएसएल-3 लैब की स्थापना, किडनी ट्रांसप्लांट, प्रदेश का पहला पेयर्ड किडनी ट्रांसप्लांट, एडवांस न्यूक्लियर मेडिसिन सुविधाओं का विस्तार, दूसरी कार्डियक कैथ लैब का शुभारंभ, एडवांस एआई लैब की स्थापना तथा सर्जिकल आंकोलॉजी विभाग की शुरुआत शामिल हैं। प्रबंधन का कहना है कि बायोमेडिकल नवाचार, अनुसंधान सहयोग, एनएबीएल मान्यता प्राप्त लैब, आपदा प्रबंधन तैयारी और जनस्वास्थ्य पहलों के लिए भी राष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिली है। एम्स के कार्यकारी निदेशक डॉ. अशोक जिंदल इस उपलब्घि के लिए सभी डॉक्टरों, नर्सिंग व पैरामेडिकल स्टाफ की सराहना की है।
इस सर्वे में 32 देशों के अस्पतालों को शामिल किया गया। इनमें ऑस्ट्रेलिया, ऑस्ट्रिया, बेल्जियम, ब्राजील, कनाडा, चिली, कोलंबिया, डेनमार्क, फिनलैंड, फ्रांस, जर्मनी, भारत, इज़राइल, इटली, जापान, मलेशिया, मैक्सिको, नीदरलैंड शामिल हैं। इसी तरह नॉर्वे, फिलीपींस, सऊदी अरब, सिंगापुर, दक्षिण कोरिया, स्पेन, स्वीडन, स्विट्जरलैंड, ताइवान, थाईलैंड, तुर्की, संयुक्त अरब अमीरात, यूनाइटेड किंगडम व यूएसए भी शामिल रहे। इन देशों का चयन जनसंख्या आकार, जीवन प्रत्याशा, जीवन स्तर, अस्पताल घनत्व और विश्वसनीय आंकड़ों की उपलब्धता सहित कई तुलनीयता मानदंडों का उपयोग करके किया गया था।