रायपुर

कांग्रेस से निकाले गए आदिवासी नेता अरविंद नेताम की 6 साल बाद होगी वापसी

आदिवासी नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री अरविंद नेताम कांग्रेस में वापस लौटेंगे। वापसी कब होगी, यह अभी तय नहीं है, लेकिन अब औपचारिकता ही शेष बची है।
2 min read
Mar 04, 2018
Arvind Netam

मिथिलेश मिश्र/रायपुर. वरिष्ठ आदिवासी नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री अरविंद नेताम कांग्रेस में वापस लौटेंगे। वापसी कब होगी, यह अभी तय नहीं है, लेकिन अब औपचारिकता ही शेष बची है। पार्टी सूत्रों का कहना है, राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी का कार्यालय भी उनको वापस लौट आने का संकेत दे चुका है। नए प्रदेश कांग्रेस प्रभारी और सांसद पीएल पुनिया और राष्ट्रीय सचिव अरुण उरांव के साथ उनकी दो-तीन बार मुलाकात की है। इन बैठकों में कांग्रेस नेताओं ने मौजूदा राजनीतिक परिस्थितियों में पार्टी को उनकी जरूरत और उनको पार्टी की जरूरत बता दी है।

नेताम पार्टी में पुराना सम्मान और आदिवासियों के हित का वादा चाहते हैं। कहा जा रहा है, जल्दी ही उनकी मुलाकात राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी से भी करा दी जाएगी। उसके बाद उनकी निलंबन वापसी की औपचारिकता पूरी की जाएगी। अरविंद ने नेताम का कहना है, भविष्य के नेक्सस को देखते हुए वे वापसी के फैसले से हिचकेंगे नहीं। कांग्रेस के प्रदेश महासचिव और संचार विभाग के अध्यक्ष शैलेष नितिन त्रिवेदी कहते है, अरविंद नेताम कांग्रेस के वरिष्ठ नेता रहे हैं। पार्टी में उनका बहुत सम्मान है। वे वापस आते हैं तो हर लिहाज से अच्छा होगा।

नजदीक लाईं परिस्थितियां
नेताम ने पत्रिका से बातचीत में कहा, बहुत कठिन वक्त आने वाला है। सबसे बड़ा खतरा कॉर्पोरेट के हाथ जमीनों जमीन चले जाने का है। पूर्व की यूपीए सरकार जो भूमि अधिग्रहण कानून लाई थी, वह कुछ ठीक था। अभी केंद्र सरकार ने उसमें जैसा संशोधन करने की कोशिश की और राज्य सरकार भू-राजस्व संहिता में संशोधन का जो बिल लेकर आई थी, वह खतरे का संकेत है। इसके मुकाबले कांग्रेस ठीक है। उन्होंने कहा, पार्टी में आने के बाद भी सामाजिक आंदोलन चलता रहेगा।

संगमा का समर्थन कर निलंबित हुए थे नेताम
अरविंद नेताम को जून 2012 में कांग्रेस ने निलंबित कर दिया था। उन्होंने यूपीए की आेर से राष्ट्रपति पद के उम्मीदवार प्रणव मुखर्जी के खिलाफ पूर्व लोक सभा अध्यक्ष और आदिवासी नेता पीए संगमा का समर्थन किया था। बाद में वे संगमा की पार्टी में शामिल हो गए। जनवरी 2017 में उन्होंने जय छत्तीसगढ़ पार्टी का पुनर्गठन किया।

Published on:
04 Mar 2018 08:04 am