रायपुर

दिनदहाड़े पुलिस के सामने Student को पीटा, फिर बाइक को आग लगाकर हो गए फरार

दिनदहाड़े पुलिस के सामने छात्र को पीटा, फिर बाइक को आग लगाकर हो गए फरार
2 min read
Aug 30, 2018
CG news
दिनदहाड़े पुलिस के सामने छात्र को पीटा, फिर बाइक को आग लगाकर हो गए फरार

बिलासपुर शहर के जरहाभाठा मंदिर चौक पर बुधवार दोपहर रेड सिग्नल पर साइड नहीं देने के विवाद में दो लोगों ने ट्रैफिक आरक्षक के सामने एक छात्र की बेदम पिटाई कर दी। मारपीट के डर छात्रा भागने लगा, तो आरोपियों ने उसकी बाइक में आग लगा दी, और फरार हो गए। दिनदहाड़े हुई इस घटना को लेकर राहगीर भी सहम गए। शिकायत पर पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ अपराध दर्ज कर लिया है।

सिविल लाइन पुलिस के अनुसार, तालापारा निवासी इमरान पिता अब्दुल असलम चकरभाठा स्थित लक्ष्मीचंद इंस्टीट्यूट का छात्र है। बुधवार दोपहर वह बाइक (सीजी 10 वाई 6988) पर तहसील कार्यालय शपथ पत्र बनवाने गया था। दोपहर 3 बजे वह जरहाभाठा मंदिर चौक में सिग्नल पर रुका। तभी पीछे से सफेद रंग की बाइक (सीजी 10 वी 9032) पर पीछे से दो लोग पहुंचे। उन्होंने उसे साइड देने के लिए कहा। इमरान ने उन्हें जगह नहीं होने की बात कही। ग्रीन सिग्नल होते ही बाइक पर पीछे बैठे अधेड़ व्यक्ति ने इमरान को चेथी में मार दिया। इमरान ने जवाब में उसे भी हाथ से मारा। इसके बाद आरोपी बीच चौक पर बाइक रोककर इमरान को पीटने लगे। चौक पर डयूटी कर रहे ट्रैफिक आरक्षक सुनील खाण्डे (408) दोनों के बीच हो रही मारपीट को देखता खड़ा रहा।

भयभीत इमरान बाइक छोड़कर भाग गया। इसके बाद आरोपियों ने इमरान की बाइक का पेट्रोल पाइप खींचकर सिगरेट जलाने वाले लाइटर से बाइक में आग लगा दी। आरोपी अधेड़ और उसका साथी अपनी बाइक पर सिंधी कॉलोनी की और भाग गए। युवकों के भागने के बाद आरक्षक मौके पर पहुंचा और आग बुझाने लगा। इधर बाइक जलती देख इमरान भी मौके पर पहुंचा और आग बुझाकर सिविल लाइन थाने पहुंचा। शिकायत पर पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ धारा 435 के तहत अपराध दर्ज कर लिया है।

आरोपियों को पकडऩा तो दूर, पहचान करने तक की फुर्सत नहीं पुलिस को
पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया, लेकिन उन्हें पकडऩे के लिए अब तक कोई प्रयास नहीं किया। जबकि आरोपियों की पहचान के बाइक नंबर के आधार पर आसानी से हो सकती है।

आरक्षक बीच बचाव करता तो नहीं होती घटना
शिकायकर्ता इमरान के अनुसार, मारपीट के समय चौक पर तैनात आरक्षक सुनील खाण्डे तमाशा देखता रहा। उसने आरोपियों को रोकने की कोशिश की होती, तो उसकी बाइक नहीं जलती, आरोपी युवक भी पकड़े जाते।

Published on:
30 Aug 2018 06:15 pm