रायपुर

45 लाख छात्रों के लिए किताबें तैयार, अब ऐप से होगी निगरानी, स्कूल पहुंचते ही देनी होगी जानकारी…

CG News: छत्तीसगढ़ के रायपुर में स्कूलों तक सही और सुरक्षित ढंग से किताबें पहुंचाने के लिए पाठ्य पुस्तक निगम हर बार नई रणनीति बनाता है।

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Mar 30, 2026
45 लाख छात्रों के लिए किताबें तैयार, अब ऐप से होगी निगरानी, स्कूल पहुंचते ही देनी होगी जानकारी...(photo-patrika)

CG News: छत्तीसगढ़ के रायपुर में स्कूलों तक सही और सुरक्षित ढंग से किताबें पहुंचाने के लिए पाठ्य पुस्तक निगम हर बार नई रणनीति बनाता है। अब स्कूलों तक किताबें पहुंचते ही शिक्षक, प्रधानपाठक जैसे जिम्मेदारों को टीबीसी ऐप के माध्यम से इसकी जानकारी निगम को देनी होगी। पहले ये काम मैनुअल किया जाता था। किताबें पहुंचने के बाद मैनुअल तरीके से जानकारी पहुंचाई जाती थी।

CG News: देरी खत्म करने की तैयारी

इसमें काफी देर भी होती थी। अब ऐप के माध्यम से डेटा का मिलान तेजी से हो सकेगा। पाठ्यपुस्तक निगम की ओर से इस साल 45 लाख स्कूली बच्चों के लिए पाठ्य पुस्तक निगम से किताबें छापी जा रहीं हैं। इनमें 43-45 अलग-अलग टाइटल्स की किताबें शामिल हैं। पिछले साल लगभग 2 करोड़ किताबें छपवाई गई थी।

इस साल भी इसी के आस-पास किताबें छपने की उम्मीद जताई जा रही है। निगम की ओर से अभी कागज के लिए टेंडर का कार्य किया जा रहा है। अधिकारियों के अनुसार, इस बार भी स्कूलों में समय से किताबें पहुंचाई जाएंगी। पिछली बार स्कूलों में किताबें कम पड़ गई थी। दो बार किताबें छापनी पड़ी थीं।

पछले सत्र में 1784 स्कूलों ने नहीं ली किताबें

लगभग 45 लाख बच्चों के लिए पाठ्य पुस्तक निगम किताबें छपवा रहा है। इनमें निजी स्कूलों के बच्चों की संख्या भी शामिल है। जबकि पिछली बार के आकड़ों के मुताबिक करीब 1784 स्कूलों ने किताबें नहीं ली थीं। इस हिसाब से शासन को करोड़ों का नुकसान हुआ था। जानकारों के अनुसार, इस नुकसान को रोकने के लिए कोई पहल नहीं की गई है। स्कूलों द्वारा किताबें नहीं लेने का कारण यह भी था कि किताबें छपने में वक्त लगा और स्कूलों को समय पर किताबें ही नहीं मिल पाई थी।

प्रवेश लेते ही स्टूडेंट्स को मिलेगी पुरानी किताबें

राज्य के सभी स्कूलों में इस साल बुक बैंक शुरू किया जाएगा। बुक बैंक में छत्तीसगढ़ पाठ्यपुस्तक निगम द्वारा दिए गए पाठ्यपुस्तक और एनसीईआरटी पाठ्यक्रम में संचालित शालाओं हेतु क्रय की गई पाठ्यक्रम की पुस्तकों को शिक्षा सत्र 2025-26 के समाप्त होने के बाद विद्यार्थियों से वापस लेकर स्कूलों में सुरक्षित रखा जाएगा।

आगामी शिक्षा सत्र में आने वाले बच्चों को दिया जाएगा। बुक बैंक में पहली से 10वीं तक के विद्यार्थियों को प्रदाय किए जाने वाली निशुल्क पाठयपुस्तकों को रखा जाएगा। बुक बैंक से पुरानी पुस्तकों के वितरण के समय पहले विद्यार्थी के पारिवारिक सदस्य छात्र-छात्राओं यानी भाई-बहन को प्राथमिकता दी जाएगी।

Updated on:
30 Mar 2026 01:01 pm
Published on:
30 Mar 2026 01:00 pm
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