CG Board Result 2026: कबीरधाम जिले में इस बार दो अलग-अलग लॉट में कुल 83 हजार 743 उत्तर पुस्तिकाएं जांच के लिए पहुंचीं, जिनका निर्धारित समय में मूल्यांकन कर लिया गया है।
CG Board Result 2026: छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मंडल द्वारा आयोजित 10वीं और 12वीं बोर्ड परीक्षाओं की उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन कार्य जिले में सफलतापूर्वक पूरा कर लिया गया है। कबीरधाम जिले में इस बार दो अलग-अलग लॉट में कुल 83 हजार 743 उत्तर पुस्तिकाएं जांच के लिए पहुंचीं, जिनका निर्धारित समय में मूल्यांकन कर लिया गया है।
अब परीक्षार्थियों और अभिभावकों की निगाहें आगामी परीक्षा परिणाम पर टिक गई हैं। इस बार मूल्यांकन कार्य समयबद्ध और व्यवस्थित तरीके से संपन्न हुआ है जिससे यह उम्मीद जताई जा रही है कि छात्रों को उनका परिणाम बिना अधिक देरी के मिल सकेगा।
कवर्धा नगर स्थित पीएम श्री स्वामी आत्मानंद हिन्दी मीडियम स्कूल(आदर्श कन्या विद्यालय) को इस बार भी मूल्यांकन केंद्र बनाया गया। यहां करीब 300 शिक्षक-शिक्षिकाओं ने विषयवार और शिफ्टवार तरीके से कॉपियों की जांच की। केंद्राध्यक्ष आरपी सिंह ने बताया कि 10वीं कक्षा की 55 हजार 18 और 12वीं कक्षा की 28 हजार 725 उत्तर पुस्तिकाएं जांच के लिए आई थीं। मूल्यांकन कार्य को सुव्यवस्थित ढंग से पूरा करने के लिए 10वीं के 18 और 12वीं के 30 विषयों के लिए अलग-अलग मूल्यांकनकर्ता नियुक्त किए गए थे।
इस बीच 12वीं कक्षा के हिंदी विषय का पेपर लीक होने के कारण उसकी परीक्षा अब 10 अप्रैल को प्रस्तावित है। ऐसे में हिंदी विषय की उत्तर पुस्तिकाएं मूल्यांकन के लिए जिले में पहुंचेगी। अधिकारियों का मानना है कि जैसे ही इस विषय की जांच पूरी होगी, उसके कुछ ही दिनों बाद बोर्ड परीक्षा परिणाम घोषित कर दिया जाएगा।
मूल्यांकन कार्य पूरा होने के साथ ही अब छात्रों में परिणाम को लेकर उत्सुकता बढ़ गई है। शिक्षा विभाग के अधिकारियों का कहना है कि शेष विषयों का मूल्यांकन पूरा होते ही बोर्ड जल्द ही परीक्षा परिणाम जारी करेगा।
मूल्यांकन कार्य को बेहद संवेदनशील और जिम्मेदारीपूर्ण माना जाता है। इसके बावजूद कुछ शिक्षक-शिक्षिकाओं द्वारा लापरवाही बरतने के मामले सामने आए हैं। वर्ष 2024 में गलती के चलते बोर्ड ने सख्ती दिखाते हुए 4 शिक्षक-शिक्षिकाओं को लापरवाही के चलते एक वर्ष के लिए मूल्यांकन कार्य से प्रतिबंधित कर दिया है। वहीं एक अन्य शिक्षक को स्थानीय केंद्राध्यक्ष द्वारा मूल्यांकन कार्य से वंचित रखा गया। इस कार्रवाई को अन्य मूल्यांकनकर्ताओं के लिए चेतावनी के रूप में देखा जा रहा है।
उत्तर पुस्तिकाओं की जांच के लिए केवल मूल्यांकनकर्ता शिक्षकों को नहीं बल्कि पर्यवेक्षक, उपकेंद्राध्यक्ष, केंद्राध्यक्ष, चपरासी, सुरक्षाकर्मी सहित उन सभी स्टॉफ को राशि मिलती है जिन्होंने उत्तर पुस्तिका जांच के दौरान ड्यूटी निभाई। एक जांच केंद्र में ही अनुमानित करीब 30 लाख रुपए खर्च किए जाते हैं। इसकी राशि कुछ माह बाद बोर्ड द्वारा दी जाती है।