
इन मार्गों पर जुलाई-अगस्त के अंत तक कनेक्टिंग इंडिया प्रोग्राम के तहत उड़ानें शुरू होने की उम्मीद जताई जा रही है। राज्य सरकार के विमानन विभाग से मिली जानकारी के मुताबिक पहले जगदलपुर-अंबिकापुर के बीच उड़ानों की शुरूआत होगी। वहीं जगदलपुर एयरपोर्ट में 80 फीसदी पूरा हो चुका है। वहीं यहां एयर स्ट्रिप भी तैयार है। इलाहाबाद में इंडिगो एटीआर-72 विमानों के जरिए ऑपरेशन शुरू करने वाला है। नए वायुमार्गों पर अनुमति की प्रक्रिया 6 महीने से लंबित थी। वहीं अब एयरलाइंस कंपनियों के छोटे विमानों का इंतजार किया जा रहा है। एयर ओडि़शा सहित इंडिगो के पास वर्तमान में पर्याप्त संख्या में छोटे विमान नहीं होने की वजह से उड़ानों में लेटलतीफी हो रही है।
रायपुर झारसुगड़ा
इससे पहले चकरभाठा एयरपोर्ट में बुधवार को एयरपोर्ट अथारिटी ऑफ इंडिया के अधिकारियों सहित माना एयरपोर्ट के अधिकारियों ने दौरा किया। यहां अधिकारियों ने एयरपोर्ट के कामकाज की रफ्तार देखी, वहीं सुरक्षा व्यवस्था सहित अन्य पहलुओं पर जरूरी दिशा-निर्देश दिए।
जानकारी के मुताबिक जिस 10 मार्गों पर राज्य सरकार और स्वामी विवेकानंद एयरपोर्ट प्रबंधन को उड़ान की अनुमति मिली है। उसमें 9 मार्गों पर एयर ओडि़शा 20 सीटर उड़ानें शुरू करेगा। वहीं रायपुर-इलाहाबाद के लिए एटीआर-72 (80 सीटर) विमान संचालित होगा।
जगदलपुर एयरपोर्ट में हवाई यात्रा की शुरूआत करने को लेकर कवायद अंतिम चरणों में है। सुरक्षा व्यवस्था मद्देनजर स्कैनर लगाया जाना बाकी है, वहीं टर्मिनल बिल्डिंग तैयार है। लेकिन एटीसी टॉवर लगाने के साथ ही एटीसी की नियुक्ति होनी बाकी है। यहां एयर ओडि़शा को जगदलपुर-रायपुर-विशाखापट्नम की अनुमति मिल चुकी है।
उड़ान की अनुमति तो मिल गई है, लेकिन विमानन कंपनियों के पास वर्तमान में पर्याप्त संख्या में छोटे विमान नहीं है।एयर ओडि़शा के सूत्रों का कहना है कि उनके पास विमान तैयार है। इंडिगो के मुताबिक अभी कुछ विमानों का आर्डर दिया गया है। इंडिगो के सूत्रों का कहना है कि छोटे विमानों के आते ही नए रूट पर उड़ानें शुरू कर दी जाएगी।