
Chinnaswamy Stadium Stampede: बेंगलुरुवासियों की खुशियां उस वक्त मातम में बदल गई, जब आरसीबी के विक्ट्री सेलिब्रेशन में भगदड़ मच गई। डीजे की धुन पर नाचते विराट कोहली समेत रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु के खिलाड़ियों को देखना चाहता था, लेकिन भगदड़ में 11 लोग अपनी जान से हाथ धो बैठेंगे। इस दर्दनाक हादसे को लेकर छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने गहरा दुःख जताया है।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर पोस्ट करते हुए लिखा, कर्नाटक के चिन्नास्वामी स्टेडियम में भगदड़ के दौरान कई लोगों की असामयिक मृत्यु एवं घायल होने का समाचार अत्यंत दु:खद है। मैं शोकाकुल परिवारों के प्रति अपनी गहरी संवेदनाएं व्यक्त करता हूं। ईश्वर से प्रार्थना है कि दिवंगत आत्माओं को शांति और घायलों को शीघ्र स्वास्थ्य लाभ प्रदान करें।
विपदा की इस घड़ी में हम अपेक्षा करते हैं कि कर्नाटक सरकार इस घटना की गंभीरता को देखते हुए राहत और बचाव के सभी आवश्यक कदम शीघ्रता से उठाएगी, ताकि पीड़ितों को हरसंभव सहायता मिल सके और भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी घटना पर दुख जताते हुए कहा, “बेंगलुरु में हुई दुर्घटना बहुत ही दुखद है। इस दुखद घड़ी में मेरी संवेदनाएं उन सभी लोगों के साथ हैं जिन्होंने अपने प्रियजनों को खोया है। मैं प्रार्थना करता हूं कि घायल लोग जल्द स्वस्थ हों।”
यह दुखद घटना तब हुई जब हजारों प्रशंसक अपनी चैंपियन टीम को देखने के लिए स्टेडियम के गेट्स पर जमा हुए थे। RCB ने पंजाब किंग्स को छह रनों से हराकर अपनी पहली IPL ट्रॉफी जीती थी, जिसके बाद शहर में उत्साह चरम पर था। इसी दौरान भीड़ अचानक अनियंत्रित हो गई और फिर हड़कंप मच गया। स्थिति बहुत ही खतरनाक बन गई। घायलों में कई की हालत गंभीर बनी हुई है।
सोशल मीडिया पर आरसीबी टीम की आलोचना हो रही है क्योंकि शाम को 6 बजे के करीब ये खबर आ गई थी कि चिन्नास्वामी स्टेडियम के बाहर भगदड़ में कई लोगों की मौत हो गई है। इसके बाद भी स्टेडियम के अंदर जश्न का कार्यक्रम जारी रहा। विराट कोहली समेत पूरी टीम ने ट्रॉफी को लेकर ग्राउंड में चक्कर लगाया। संभव है कि प्लेयर्स को भगदड़ की कोई खबर नहीं मिली हो लेकिन प्रशासन और मैनेजमेंट को भी नहीं पता चला, ऐसा मुश्किल है।