जिला कांग्रेस कमेटी ने पेट्रोल और डीजल में वैट टैक्स कम करने की मांग को लेकर राजीव गांधी चौक में धरना प्रदर्शन किया।
रायपुर. जिला कांग्रेस कमेटी ने पेट्रोल और डीजल में वैट टैक्स कम करने की मांग को लेकर राजीव गांधी चौक में धरना प्रदर्शन किया। राज्य सरकार पर जमकर निशाना साधा। कहा कि वैट टैक्स कम नहीं करने के कारण आम जनता को काफी परेशानी हो रही है। सरकार को आम जनता के हित में शीघ्र निर्णय लेना चाहिए। सरकार पेट्रोल-डीजल पर वैट टैक्स कम नहीं कर आम जनता को राहत न देकर बोनस तिहार मना रही है।
प्रदर्शन में अभी तक प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष भूपेश बघेल नहीं पहुंचे हैं। प्रदर्शन में राज्यसभा सांसद छाया वर्मा, पूर्व मंत्री धनेंद्र साहू, विधायक सत्यनारायण शर्मा, पूर्व विधायक कुलदीप जुनेजा आदि मौजूद रहे। कांग्रेसियों ने प्रतीकात्मक रूप से गैस का सिलेंडर रख और दो पुतलों को फांसी लगाकर विरोध-प्रदर्शन किया जा रहा है। इस दौरान वरिष्ठ कांग्रेसी नेताओं ने वर्तमान केंद्र और राज्य सरकार पर तीखे हमले किए। आरोप लगाया कि सरकार अपना खजाना भरने के लिए वह टैक्स में कमी नहीं कर रही है। वेट की वजह से लगातार पेट्रोल और रसोई गैस सिलेंडर के दाम बढ़ते ही जा रहे हैं। महंगाई की वजह से आम आदमी का जीना दूभर हो गया है। आने वाले चुनाव में जनता इसका करारा जवाब देगी।
पूर्व मंत्री धनेंद्र ने सीएम रमन के जन्मदिन पर उठाया ऐसा सवाल
छत्तीसगढ़ कांग्रेस सरकार में मंत्री रहे धनेंद्र साहू ने सीएम डॉ. रमन सिंह के जन्मदिन पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि सीएम प्रदेश में दुनियाभर के तामझाम के साथ अपना जन्मदिन मना रहे हैं, जबकि प्रदेश में सूखे को देखकर कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष भूपेश बघेल ने सादगीपूर्ण तरीके से अपना जन्मदिन मनाया। रमन सिंह ऐसा नहीं कर छत्तीसगढ़ के किसानों का अपमान कर रहे हैं। उन्होंने रविवार को कांग्रेस भवन में पत्रकारों से चर्चा के दौरान कहा कि यूपीए सरकार बिना किसी चुनावी वादा के धान उत्पादक किसानों को वर्ष 2002 से धान का बोनस दे रही थी।
सीएम पर पलटवार करते हुए साहू ने कहा कि एनडीए सरकार 6 से 7 साल में धान के समर्थन मूल्य में मात्र 50 रुपए प्रति क्विंटल की बढ़ोतरी की, जबकि यूपीए सरकार ने अपने 10 साल के कार्यकाल में धान के समर्थन मूल्य में 800 रुपए प्रति क्विंटल तक की बढ़ोतरी की है। यह कांग्रेस की उपलब्धि रही है।
बोनस तिहार के नाम पर दिखावा
साहू ने कहा कि रमन सरकार बोनस तिहार के नाम पर दिखावा कर रही है। उनके द्वारा बोनस तिहार कार्यक्रम में कांग्रेस सरकार में किसानों को बोनस नहीं देने का बार-बार आरोप लगाया जा रहा है, जो कि बेबुनियाद और निंदनीय है। वे किसानों को बार-बार गुमराह कर रहे हैं। यूपीए सरकार में पीएम मनमोहन सिंह ने धान के समर्थन मूल्य में भारी मात्रा में बढ़ोतरी कर उनकी माली हालत में सुधार किया जबकि पीएम मोदी ने धान के समर्थन मूल्य में वर्ष २००४ से लेकर 2017-018 तक जो घोषित किया है। उसमें 4 साल में केवल 240 रुपए प्रति क्विंटल की बढ़ोतरी की गई है। इससे साबित होता है भाजपा ने 10 वर्षों में केवल 300 रुपए की वृद्धि की है।
भाजपा ने सत्ता हासिल करने के लिए कांग्रेस की घोषणा पत्र का नकल करते हुए 2008 में बोनस 270 रुपए प्रति क्विंटल और 2013 के चुनाव में 300 रुपए प्रति क्विंटल बोनस और 2100 रुपए प्रति क्विंटल समर्थन मूल्य देने का वादा किया था, लेकिन चुनावी वर्ष में आधा-अधूरा बोनस देकर किसानों के साथ छल कर रही है, जिसका चुनाव में जनता जवाब देगी।