रायपुर। एसआईआर में गड़बड़ी का आरोप लगाते हुए कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने मंगलवार को तहसील कार्यालय में प्रदर्शन किया। इस दौरान कार्यकर्ता तहसीलदार के कैबिन के सामने बैठकर जमकर नारेबाजी की। समझाइश के बाद भी कांग्रेसी कार्यकर्ता नहीं माने तो उन्हें गिरफ्तार कर सेंट्रल जेल ले जाया गया। रात करीब 10 बजे कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष […]
रायपुर। एसआईआर में गड़बड़ी का आरोप लगाते हुए कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने मंगलवार को तहसील कार्यालय में प्रदर्शन किया। इस दौरान कार्यकर्ता तहसीलदार के कैबिन के सामने बैठकर जमकर नारेबाजी की। समझाइश के बाद भी कांग्रेसी कार्यकर्ता नहीं माने तो उन्हें गिरफ्तार कर सेंट्रल जेल ले जाया गया। रात करीब 10 बजे कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष दीपक बैज भी सेंट्रल जेल पहुंच कर कांग्रेसी नेताओं से मुलाकात की।
कांग्रेस का आरोप है कि भाजपा के कहने पर लोगों के नाम काटे जा रहे हैं और उनके आवेदन स्वीकार किए जा रहे हैं। भाजपा की ओर से लाए गए 400 दावा-आपत्ति फॉर्म स्वीकार कर लिए गए, जबकि नियम के अनुसार एक समय में सिर्फ 30 से 50 फॉर्म ही लिए जा सकते हैं। इस प्रदर्शन में शहर अध्यक्ष श्रीकुमार मेनन, पप्पू बंजारे, पंकज शर्मा सहित कई कांग्रेस कार्यकर्ता मौजूद रहे।
दावा-आपत्ति की समय-सीमा बढ़ाने की मांग
इससे पहले एसआईआर में दावा-आपत्ति की समय-सीमा बढ़ाने की मांग को लेकर कांग्रेस के एक प्रतिनिधिमंडल ने मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी से मुलाकात की। कांग्रेस ने निर्वाचन आयोग को ज्ञापन सौंपते हुए कहा कि वर्तमान में तय समय-सीमा के कारण बड़ी संख्या में पात्र मतदाता अपने अधिकार से वंचित हो सकते हैं। खासकर ग्रामीण, आदिवासी, दूरस्थ और पिछड़े इलाकों में रहने वाले नागरिकों को परेशानी हो रही है। कई स्थानों पर दस्तावेजों की उपलब्धता और तकनीकी कठिनाइयों के कारण लोग समय पर आवेदन नहीं कर पा रहे हैं।