रायपुर

छत्तीसगढ़ के छह जिला सहकारी बैंकों का राज्य में विलय, अब किसान होंगे इनके हितग्राही

प्रदेश के छह जिला सहकारी केंद्रीय बैंकों को राज्य सहकारी बैंक मर्यादित में संविलियन के लिए हरी झंडी दे दी है
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Updated: 10 Oct 2018, 12:04 PM IST
District co operative central bank
छत्तीसगढ़ के छह जिला सहकारी बैंकों का राज्य में विलय, अब किसान होंगे इनके हितग्राही

रायपुर . भारतीय रिजर्व बैंक से अनुमति मिलने के बाद राज्य सरकार के सहकारिता विभाग ने प्रदेश के छह जिला सहकारी केंद्रीय बैंकों को राज्य सहकारी बैंक मर्यादित में संविलियन के लिए हरी झंडी दे दी है। इस संबंध में नया रायपुर स्थित सहकारिता मंत्रालय ने 3 अक्टूबर को आदेश जारी कर दिया है। इन बैंकों में प्रदेश के 4 लाख से अधिक किसान सदस्य है।

यह योजना जिला सहकारी केंद्रीय बैंकों का छत्तीसगढ़ राज्य सहकारी बैंक मर्यादित रायपुर में संविलियन की योजना-2018 कहलाएगी। इस योजना के अंर्तगत रायपुर, बिलासपुर, दुर्ग, जगदलपुर, राजनांदगांव और अंबिकापुर की जिला सहकारी केंद्रीय बैंक का राज्य सहकारी बैंक में संविलियन होगा।

राज्य सहकारी बैंक के अधिकारियों ने बताया कि संविलियन के लिए 1 महीने के भीतर नियोजक व कर्मचारियों से दावा आपत्ति मंगाया गया है। इस संबंध में रजिस्ट्रार के समक्ष सुझाव, दावा आपत्ति प्रस्तुत किया जा सकेगा।

निर्णय के मुताबिक जिला सहकारी बैंकों की आस्तियों और दायित्व राज्य सहकारी बैंकों के आस्तियों में विलय हो जाएगा तीन हजार अधिकारी-कर्मचारी कार्यरत प्रदेश के जिला सहकारी बैंकों में लगभग तीन हजार अधिकारी-कर्मचारी कार्यरत है। विलय के बाद ये सभी अधिकारी और कर्मचारी राज्य सहकारी बैंक मर्यादित के माने जाएंगे।

जिला सहकारी बैंकों में नहीं होगा चुनाव
जिला सहकारी बैंकों में चुनाव के साथ-साथ आंदोलन लंबे समय से कायम है। विलय के बाद एक संस्था होगी, जिसके बाद जिला सहकारी बैंकों का अस्तित्व खत्म हो जाएगा। यह देखना लाजिमी है कि अध्यक्ष व संचालक मंडल की भूमिका रहेगी या नहीं। चुनावी प्रक्रिया पर क्या निर्णय लिया जाता है।

राज्य सहकारी बैंक मर्यादित एमडी एचडी नागदेव ने कहा कि जिला सहकारी केंद्रीय बैंकों के संविलियन के संबंध में सहकारिता विभाग से आदेश जारी हो चुका है। एक महीने के भीतर दावा आपत्ति मंगाया गया है।

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10 Oct 2018, 12:04 PM IST
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