
Chhattisgarh News: मानसूनी सीजन में हादसों को रोकने के लिए यात्री बसों और मालवाहकों के संचालन को लेकर एसओपी जारी किया गया है। इसमें बारिश के दौरान वाहनों की रफ्तार निर्धारित मानकों से कम रखने, नदी-नदी नालों में पानी भरे रहने और पानी गिरने के दौरान रफ्तार कम रखने कहा गया है। इसके लिए राज्य सरकार के निर्देश पर परिवहन विभाग द्वारा सभी मालवाहक और बस मालिकों हिदायत दी गई है कि सुरक्षित रहने के लिए हमेशा अपनी गति सीमा तय सीमा से 20 से 30 फीसदी कम रखें।
दोपहिया चालकों को अपनी रफ्तार 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटा के बीच रखने को कहा गया है। चारपहिया वाहन वाले हाईवे और एक्सप्रेसवे पर अपनी गति 60 से 80 किलोमीटर प्रति घंटा तक सीमित रखें। वाहन चलाते समय आगे वाले वाहन से कम से कम 5 से 6 मीटर की दूरी बनाए रखें (सामान्य दिनों में नियम 3 फीट) इससे अचानक रुकने और ब्रेक लगाने पर हादसा होने की संभावना नहीं रहेगी।
Chhattisgarh News: बारिश के दौरान दिन में कम रोशनी और धुंध छाए रहने पर लो-बीम हेडलाइट जलाने कहा गया है। अपर परिवहन आयुक्त डी रविशंकर ने बताया कि बारिश के दौरान वाहन चलाते समय अतिरिक्त सावधानी बरतना जरूरी है। इसके लिए वाहन की दोपहिया और चारपहिया वाहन के ब्रेक और वाइपर की पहले से जांच करवा लें। जिन रास्तों पर पानी भरा हो वहां किसी भी तरह की जोखिम लेने के लिए जाने से परहेज करें।
राजधानी सूखी है, लेकिन प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में भारी से अतिभारी बारिश हो रही है। पिछले 24 घंटे में प्रदेश में 15.2 मिमी पानी गिरा है, जो इस सीजन में सबसे ज्यादा है। प्रदेश में अब तक 81.7 मिमी बारिश हुई है, जो सामान्य से 60 फीसदी कम है। अब तक 204.9 मिमी पानी गिर जाना था। 30 जून तक सामान्य से 66 फीसदी कम केवल 66.5 मिमी पानी गिरा था। एक दिन में 6 फीसदी बारिश की भरपाई हुई है।
दक्षिण छत्तीसगढ़ में 2 जुलाई को कुछ स्थानों पर भारी से अतिभारी बारिश होने की संभावना है। गरज-चमक के साथ आकाशीय बिजली भी गिर सकती है। जुलाई में मानसून ने रफ्तार पकड़ी है। हालांकि रायपुर में घने बादल छाने व मौसम विभाग की भविष्यवाणी के बावजूद पानी नहीं गिर रहा है।
राजधानी को छोड़कर अन्य जगहों में तेज बारिश हो रही है। आज बेमेतरा में डेढ़ घंटे तक जोरदार बारिश हुई। वहींं अन्य जिलों में भी रूक रूक बारिश हो रही है। इधर मौसम विभाग ने अगले 72 घंटे तक बारिश का अनुमान लगाया है।