रायपुर

Sawan 2024: सावन में भोले बाबा का क्रेज.. टैटू में त्रिशूल, महाकाल, डमरू और रुद्राक्ष के साथ महामृत्युंजय मंत्र

Sawan 2024: सावन महीने में लोग भोले बाबा की भक्ति में रमे हुए हैं। इस बीच युवाओं में हाथ या शरीर के किसी हिस्से पर भगवान शिव के त्रिशूल और मंत्र का टैटू बनवाने का क्रेज बना हुआ है...

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Jul 25, 2024

Sawan 2024: ताबीर हुसैन. सावन का पवित्र माह शुरू हो चुका है। टीशर्ट हो या डमरू। सबकुछ गेरुआ नजर आ रहा है। यूथ में टैटू का क्रेज पहले से है। सावन में वे हाथ या शरीर के किसी हिस्से पर भगवान शिव के त्रिशूल और मंत्र का टैटू बनवा रहे हैं। शोल्डर या हाथ के बीच वाले हिस्से पर भगवान शिव का हाथ में लिया हुआ त्रिशूल, डमरू और त्रिनेत्र को आकार दिया जा रहा है। इतना ही नहीं टैटू को पूरा करने के लिए नीचे महामृत्युंजय मंत्र को लिखवाया जा रहा है।

Sawan 2024: टैटू बनाने वाले अमित बसइवाला ने बताया कि इन दिनों युवा चेहरे के अलावा आप अपने हाथ में महादेव का प्रिय त्रिशूल, डमरू और रुद्राक्ष बनवा रहे हैं। महादेव के प्रिय माह में अगर आप टैटू बनवाने जा रहे हैं, तो आप अपने हाथ व सीने पर भगवान शिव का त्रिशूल और ऊं नम: शिवाय डिजाइन वाला टैटू बनवा सकते हैं।

टेंपररी और परमानेंट दोनों ऑप्शन

टैटू मेकर्स की मानें तो इसे बनाने में एक घंटे से अधिक का समय लगता है। युवतियां भी थंब टैटू बनवा रही है। तीन इंच से लेकर पूरे हाथ पर टैटू निडल से सावधानी से बनाया जाता है। एक टैटू बनाने पर हर निडल को डिस्पोज किया जाता है। इंक भी एक दम खास होती है। साथ ही आस्था का ध्यान रखा जाता है। टेंपररी और परमानेंट दोनों ऑप्शन हैं।

Sawan 2024: शांति और सौम्यता का प्रतीक

समता कॉलोनी स्थित टैटू सेंटर में आम दिनों के मुकाबले सावन में रोजाना आठ से दस युवा अपने शरीर पर शिवभक्ति को दर्शाने के लिए पहुंच रहे हैं। इनमें महाकाल, डमरू, नामदेवता, त्रिशूल,ओम के साथ ही भोलेनाथ का पोट्रेट शामिल हैं। शिवजी का मेडिटेशन करता हुआ टैटू शांति और सौम्यता का प्रतीक माना जाता है। बीमारी और अकाल मृत्यु से रक्षा के लिए महामृत्युंजय मंत्र, शिवजी के अलग-अलग स्टाइल में नाम के अलावा शिवजी का रौद्र रूप, त्रिशुल टैटू, ओम, गहरे रंग में महादेव, ओम नम: शिवाय, डमरू सबसे ज्यादा चलन में हैं।

Updated on:
25 Jul 2024 06:53 pm
Published on:
25 Jul 2024 06:50 pm
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