Train Delay Chhattisgarh: कोई समय पर अपने घर नहीं पहुंच पा रहा, तो कोई अस्पताल, परीक्षा या जरूरी काम के लिए घंटों प्लेटफॉर्म पर इंतजार करने को मजबूर है।
Train Delay Chhattisgarh: छत्तीसगढ़ में ट्रेनों की लेटलतीफी थमने का नाम नहीं ले रही है और इसका सीधा असर आम यात्रियों पर पड़ रहा है। कोई समय पर अपने घर नहीं पहुंच पा रहा, तो कोई अस्पताल, परीक्षा या जरूरी काम के लिए घंटों प्लेटफॉर्म पर इंतजार करने को मजबूर है। हालात ऐसे हैं कि रोजाना दो दर्जन से अधिक ट्रेनें देरी से चल रही हैं, जिससे यात्रियों की दिनचर्या पूरी तरह प्रभावित हो रही है। लंबे इंतजार, अनिश्चित समय और लगातार बदलती सूचनाओं के बीच यात्रियों की परेशानी बढ़ती जा रही है।
इसके बावजूद रेलवे प्रशासन की ओर से ठोस समाधान नजर नहीं आ रहा, और हर बार विकास कार्यों का हवाला देकर जिम्मेदारी से बचने की कोशिश की जाती है। नाराज यात्रियों ने रेलवे की कार्यप्रणाली और व्यवस्थाओं पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं, उनका कहना है कि अगर यही हाल रहा तो यात्रा करना और भी मुश्किल हो जाएगा।
रविवार को रेल यात्रियों को एक बार फिर लेटलतीफी की मार झेलनी पड़ी। गाड़ी नंबर 13287 साउथ बिहार एक्सप्रेस, जिसका रायपुर स्टेशन पहुंचने का निर्धारित समय सुबह 7:35 बजे है, वह करीब 4 घंटे की देरी से 11:45 बजे प्लेटफॉर्म पर पहुंची। इसी तरह 11702 मूक माटी एक्सप्रेस, जिसे दोपहर 1:50 बजे रायपुर आना था, वह भी लगभग एक घंटे देरी से 2:51 बजे पहुंची।
यही रैक 11701 नंबर के साथ रायपुर-जबलपुर एक्सप्रेस के रूप में दोपहर 2:35 बजे रवाना होती है, लेकिन यह ट्रेन भी करीब डेढ़ घंटे लेट होकर स्टेशन से निकली। लगातार हो रही देरी से यात्रियों को भारी असुविधा का सामना करना पड़ रहा है, वहीं रेलवे अधिकारियों के पास इसका एक ही जवाब है—विकास कार्यों के चलते ट्रेनों का संचालन प्रभावित हो रहा है।