हाथियों के दल ने फिर से मैनपाट के ग्राम पैगा व सुपलगा में सोमवार की रात जमकर उत्पात मचाया
अंबिकापुर. हाथियों के दल ने फिर से मैनपाट के ग्राम पैगा व सुपलगा में सोमवार की रात जमकर उत्पात मचाया। 6 हाथियों ने बस्ती में घुसकर 4 मकान को तोड़ डाले। अभी भी हाथियों का यह दल मैनपाट में ही डटा हुआ है। वन अमला एसडीओ चूड़ामणी सिंह के नेतृत्व में ग्रामीणों को समझाने में जुटा हुआ है।
पिछले एक सप्ताह से ६ हाथियों का दल लखनपुर में उत्पात मचाने के बाद अब मैनपाट में आ गया है। मैनपाट के ग्राम पैगा व सुपलगा में हाथियों के दल ने गरात को जमकर उत्पात मचाया। इससे पूर्व भी पिछले वर्ष हाथियों ने मैनपाट के ग्राम पैगा व सुपलगा में उत्पात मचाया था। इसके बाद कलक्टर ने वन विभाग व राजस्व विभाग के अधिकारियों को ग्राम वासियों की सुरक्षा हेतु कुछ जरूरी निर्देश भी दिए थे। लेकिन, इसके बावजूद हाथियों का दल बस्ती में घुसकर जमकर उत्पात मचा रहा है।
हाथियों का उत्पात थमने का नाम नहीं ले रहा है। सरगुजा से करीब एक साल पहले कोरबा जिले में पहुंचे नर और मादी हाथी से पूरा वन अमला और करीब दो दर्जन से ज्यादा गांव के लोग खासे परेशान और दहशत में है। सोमवार की देर रात दोनों हाथी बासीनखार से सीधे रजगामार के समीप गांव गंगदेई जा पहुंचे, जहां एक ग्रामीण के मकान को क्षतिग्रस्त कर धान खा गए। इसके बाद बस्ती के समीप बाड़ी को तहस नहस कर वहीं जमे रहे। सूचना मिलने पर पूरा वन अमला मौके पर पहुंचा। रात २ बजे तक करीब ४५ मिनट वन अमला सायरन बजाकर हाथियों को खदेडऩे का प्रयास करता रहा लेकिन हाथी पीछे नहीं हटे। बाद में वन विभाग ने पटाखे फोड़े, मशाल जलाया तब जाकर हाथी जंगल की ओर लौटे गए।