
राजसमंद . स्कूलों की तर्ज पर ही महाविद्यालयों में भी रिक्त पदों पर सेवानिवृत व्याख्याता लगाए जाएंगे। कॉलेज के प्राचार्य सेवानिवृत व्याख्याताओं को पत्र लिखकर, ईमेल, व्हाट्सएप के जरिए सूचना भेजकर उन्हें पढ़ाने के लिए प्रेरित करेंगे। इसके लिए प्रदेश के सभी कॉलेजों को शासन सचिव ने आदेश जारी कर दिया है। सेवानिवृत व्याख्याताओं को पे-माइनस पेंशन पर लगाया जाएगा। जिले के सभी कॉलेजों में तीन दर्जन से अधिक व्याख्याताओं के पद रिक्त हैं। शासन सचिव, उच्च शिक्षा विभाग एवं आयुक्त कॉलेज शिक्षा जयपुर आशुतोष एटी पेडणेकर ने गत दिनों एक आदेश जारी किया जिसमें राजकीय सेवा से सेवानिवृत व्याख्याताओं को पे-माइनस के आधार पर पुन: नियुक्ति दी जाए।
आवेदन के लिए करना होगा प्रेरित
-व्याख्याताओं को प्रेरित करने के लिए कॉलेज के प्राचार्य द्वारा सेवानिवृत व्याख्याताओं से आवेदन पत्र आंमत्रित करने के लिए उनके वर्तमान पते पर पत्र प्रेषित करेंगे तथा उन्हें मेल, व्हाट्सएप द्वारा आवेदन करने के लिए प्रेरित करना होगा।
-सेवानिवृत व्याख्याताओं की नियुक्ति उनकी योग्यता एवं कुशलता की जांच के बाद होगी। इसके लिए तीन सदस्यी कमेटी बनेगी, जिसमें महाविद्यालय के प्राचार्य या उपाचार्य, विषय विशेषज्ञ व संभाग के सहायक निदेशक की टीम द्वारा चयन किया जाएगा।
यह मांगी योग्यता
आदेश के अनुसार उन व्याख्याताओं को लिया जाएगा, जिनकी उम्र 65 वर्ष से कम है। सह आचार्य से नीचे पद वाले को नहीं लिया जाएगा।
तीन दर्जन से अधिक पद रिक्त
राजसमंद जिले के आठ महाविद्यालयों में तीन दर्जन से ज्यादा विषय विशेषज्ञ व्याख्याताओं के पद रिक्त है। राजसमंद के राजकीय एसआरके कॉलेज में एमए रसायन शास्त्रा, संस्कृत, अंग्रेजी, हिन्दी साहित्य विषयों के पद रिक्त हैं। आमेट महाविद्यालय में १६ में से १४ पद रिक्त हैं। इसीतरह भीम, देवगढ़, कुंभलगढ़, नाथद्वारा के कॉलेजों में भी विषय विशेषज्ञों के पद रिक्त हैं।
आवेदन मांगे है...
शासन सचिव के आदेश आने के बाद रिक्त पदों पर आवेदन मांगे हैं। सेवा निवृत व्याख्याताओं को माइनस पे-पेंशन मतलब पद के वेतनमान में पेंशन घटाकर राशि दी जाएगी।
-प्रमिला सारस्वत, प्राचार्य, एसआरके कॉलेज, राजसमंद