
नाथद्वारा। नाथद्वारा से कांग्रेस प्रत्याशी डॉ. सीपी जोशी पर प्रधानमंत्री, उमा भारती व साध्वी ऋतंभरा की जाति पूछने के वायरल वीडियो व बाद में चुनाव आयोग में की गई शिकायत को जांच के बाद अधिकारियों ने निराधार बताया है।
जांच अधिकारी के अनुसार प्रथम दृष्टया आरोप प्रमाणित नहीं हो रहे हैं। जिला निर्वाचन अधिकारी राजसमंद की जांच कमेटी ने माना कि शिकायत में बताए गए तथ्यों की पुष्टि नहीं होती है। शिकायत के साथ प्रस्तुत वीडियो व प्रार्थी की ओर से जवाब में प्रस्तुत वीडियो का अवलोकन करने पर स्पष्ट होता है कि वीडियो सोशल मीडिया से लिए गए हैं, जिनकी प्रामाणिकता संदेहास्पद है। इसमें किसी भी धर्म या जाति के आधार पर पर मत प्राप्त करने की मंशा दिखाई नहीं देती है।
भारतीय जनता पार्टी ने सी.पी. जोशी के खिलाफ चुनाव आयोग में शिकायत दर्ज करवाई थी। भाजपा के चुनाव प्रकोष्ठ के प्रदेेश संयोजक नाहर सिंह माहेश्वरी ने बताया था कि डॉ सी. पी. जोशी ने 21 नवम्बर को सेमा गांव में आयोजित चुनावी सभा के दौरान अपने भाषण में जिस प्रकार से जाति, वर्ग और धर्म संबंधित टिप्पणियां की, उनसे आचार संहिता का स्पष्ट रूप से उल्लंधन होता है।