
राजसमंद। पैंथर एक महिला को दबोचकर पहाड़ी पर ले गया। करीब 18 घंटे बाद टुकड़ों में महिला का शव मिला। शव इतनी बुरी हालत में था कि देखकर हर किसी की आंखें भर आई। किसी को यकीन नहीं हो रहा था कि कल तक मुस्काराती डायली गमेती अब दुनिया में नहीं रही।
जानकारी के अनुसार, महिला मंगलवार शाम को अपने मायके जा रही थी। तभी रास्ते में अचानक उस पर पैंथर ने हमला कर दिया। हमले के बाद पैंथर महिला को दबोचकर घसीटते हुए पहाड़ी पर ले गया। परिवार वालों को करीब 18 घंटे बाद बुधवार दोपहर को पहाड़ी पर महिला का शव झाड़ी में पड़ा हुआ मिला। हमले में महिला का एक हाथ भी कटकर अलग हो गया।
भैंसाकमेड़ के भील बस्ती निवासी डायली गमेती मंगलवार सुबह अपने घर से बड़ा भाणुजा में पीहर जाने के लिए पैदल निकली थी। शाम होते-होते वह जंगल को पार नहीं कर पाई। अंधेरा हो गया। रास्ते में कुछ देर आराम करने के लिए वह बैठी। तभी उस पर पैंथर ने हमला कर दिया। महिला को पता नहीं था कि यमराज के रूप में पैंथर उसे अपना शिकार बना लेगा।
बुधवार दोपहर बकरियां चराने जाती महिलाओं ने रास्ते में खून के निशान और साड़ी पड़ी देखी। इसके बाद महिलाएं घसीटने के निशान को देखते हुए महिला के शव के तक पहुंची और उन्होंने झाड़ी मेें किसी महिला का शव देखा और घटना के बारे में लोगों को बताया। इसके बाद यह खबर इलाके में आग की तरह फैल गई।
घटना की सूचना मिलने के बाद महिला के परिजन, पुलिस और वन विभाग के अधिकारी मौके पर पहुंचे। कड़ी मशक्कत के बाद शव को पहाड़ी से खमनोर अस्पताल लाया गया और पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया। खमनोर क्षेत्र में इंसान पर पैंथर के हमले की यह छठी और कुंभलगढ़ क्षेत्र के मामलों को मिलाकर यह 10वीं घटना है।