
राजसमंद/प्रतापगढ़।
जम्मू-कश्मीर के पुलवामा में हुए आतंकी हमले में 40 जवानों की शहादत ने देश को झकझोर कर रख दिया। Pulwama Terror attack में राजस्थान ने भी अपने पांच सपूतों का बलिदान दिया। शनिवार को पांचो जवानों का पार्थिव देह राजस्थान में अलग-अलग जगह उनके पैतृक गांव लाया गया। इस वक़्त पूरे प्रदेश का माहौल गमगीन रहा। ऐसे में जवानों की अंतिम यात्रा में हजारों लोगों ने नम आंखों से विदाई दी।
वहीं राजसमंद जिले के शहीद नारायणलाल गुर्जर की बेटी के लिए प्रतापगढ़ जिला एवं सेशन न्यायाधीश राजेन्द्र कुमार शर्मा ने बड़ी घोषणा की। न्यायधीश राजेंद्र कुमार शर्मा ने शहीद CRPF हैड कांस्टेबल नारायणलाल गुर्जर की बेटी हेमलता की पढ़ाई-लिखाई सहित सम्पूर्ण खर्चे की जिम्मेदारी लेने की घोषणा की है।
न्यायाधीश की ओर से शनिवार को जारी बयान में कहा गया कि यदि शहीद की बेटी और बेटा उनके साथ रहकर अपनी पढ़ाई पूरी करना चाहे तो वह परिवार के सदस्य के रूप में साथ रखने को भी तैयार है।
इसके साथ ही जिला एवं सेशन न्यायाधीश की प्रेरणा से न्यायिक अधिकारी अपर जिला एवं सेशन न्यायाधीश लक्ष्मीकांत वैष्णव, एनडीपीएस न्यायाधीश सुनील कुमार पंचोली, पारिवारिक न्यायालय के न्यायाधीश आशा कुमारी, पोक्सो न्यायालय के विशेष न्यायाधीश परमवीरसिंह चौहान, मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट हेमराज मीणा, एसीजेएम विक्रम सांखला, एसीजेएम अरनोद कुमकुम सिंह, सिविल न्यायाधीश कृष्ण कुमार अहारी, अतिरिक्त सिविल न्यायाधीष जयश्री मीणा ने पहल कर अपनी ओर से 11000-11000 व 5000-5000 की राशि प्रदान की। इस पर अधिवक्ता एवं न्यायिक कर्मचारी प्रतापगढ़ शहर के प्रबुद्ध नागरिक व सामाजिक संस्थाएं आगे आई। शनिवार तक यह राशि 3 लाख 39 हजार रुपए एकत्रित हो गई हैं। ये राशि शहीद नारायण गुर्जर के परिवार को सहायता के रूप में दी जाएगी।