राजसमंद

Rajsamand Live Murder : आराेपी शंभूलाल का हाेगा मेडिकल टेस्ट

Rajsamand Live Murder Case के आराेपी शंभूलाल रैगर का मेडिकल टेस्ट हाेगा।

2 min read
Jan 03, 2018

राजसमंद। जोधपुर सेंट्रल जेल में बंद Rajsamand Live Murder Case के आराेपी काे शंभूलाल रैगर को भारी पुलिस जाब्ते के साथ राजसमंद लाया गया। राजसमंद में मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट के समक्ष शंभूलाल को पेश किया गया।

पुलिस ने अदालत से आरोपित के हाथ में हथकड़ी लगाने की अनुमति मांगी, लेकिन न्यायाधीश ने अर्जी को खारिज कर दिया। अदालत ने शंभूलाल के मनोरोगी की जांच के लिए मनोरोगी चिकित्सकों के मेडिकल बोर्ड से जांच कराने के आदेश दिए है।

इसके तहत पुलिस आरोपित को लेकर उदयपुर रवाना हो गई, जहां गठित मेडिकल बोर्ड द्वारा उसके मनोरोगी के संबंध में जांच की जाएगी। एमबी अस्पताल के मानसिक रोग, न्यूरोलॉजी व मेडिकल ज्यूरिस्ट विशेषज्ञ उसकी मानसिक स्थिति की जांच करेंगे।

आपकाे बात दें कि राजसमंद लाइव मर्डर मामला पूरे देश में सुखिर्याें में रहा। घटना के अगले दिन बंगाली श्रमिक की हत्या के आरोपी शंभूलाल को केलवा सर्किल से गिरफ्तार किया गया था।

इस मामले के सामने आने के बाद पूरे शहर में तनाव फ़ैल गया आैर कर्इ दिन तक इंटरनेट बंद रहा। मामला सामने आने के बाद हर काेर्इ हैरान रह गया था। घटना का वीडियाे भी साेश्ल मीडिया में वायरल हुआ था, जिसमें शंभूलाल रैगर नामक व्यक्ति एक आदमी को गेंती से बेरहमी से मरता नज़र आया।

इसके बाद हैवान शव पर पेट्रोल छिड़कर आग लगा देता है। फिर आरोपी शंभूलाल लव जेहाद करने वालों के खिलाफ जहर उगलते हुए एक भाषण देता। मृतक बीते दो दशक से राजसमंद में रह रहा था और ठेकेदारी का काम करता था।

शंभुलाल दो साल से बेरोजगार था। उसके माता-पिता गुजरात के आनंद में रहते हैं। शंभुलाल राजनगर में संयुक्त परिवार में रहता है। उसकी पत्नी, सोलह साल की बड़ी बेटी, तेरह साल की बेटी और ग्यारह साल का बेटा, दो शादीशुदा छोटे भाइयों की पत्नियां, उनके बच्चे साथ रहते हैं।

शंभूलाल दसवीं फेल हैं। बेरोजगारी के चलते शंभू अधिकतर समय फ्री रहता था। वहीं नेट फ्री और सस्ता होने के बाद से वह दिन भर वीडियो देखता रहता था।

ये भी पढ़ें

रात के अंधेरे में बेहद खौफनाक हैं कोटा की ये सड़कें, कदम-कदम पर बिछा मौत का जाल
Updated on:
03 Jan 2018 12:51 pm
Published on:
03 Jan 2018 12:39 pm
Also Read
View All