राजसमंद

जानलेवा हमले से महिला की हालत नाजुक, पुलिस ने दर्ज नहीं किया प्रकरण

पुलिस ने किया मुआयना, गंभीर घायल होने से पुलिस के बयान भी नहीं
2 min read
Rajsamand,Rajsamand news,Rajsamand Hindi news,Rajsamand local news,rajsamand latest news,rajsamand news in hindi,rajsamand latest hindi news,rajsamand latest hindi news rajsamand,Latest News rajsamand,Latest hindi news rajsamand,
जानलेवा हमले से महिला की हालत नाजुक, पुलिस ने दर्ज नहीं किया प्रकरण

राजसमंद. धनेरियागढ़ पंचायत के चावंडिया में सोमवार को दो युवकों ने लात, घूसों व लाठियों से बेरहम मारपीट कर एक तलाकशुदा महिला को गंभीर घायल कर दिया। श्मशान के पास बेसुध हालत फेंकर आरोपी फरार हो गए। बाद में परिजन उसे रेलमगरा अस्पताल ले गए, जहां से गंभीर हालत में राजसमंद रेफर कर दिया। पुलिस अस्पताल पहुंची, मगर गंभीर घायल होने से उसके बयान नहीं हो पाए, मगर पुलिस ने प्रकरण भी दर्ज नहीं किया।

चावंडिया (धनेरियागढ़) निवासी भंवरदास ने बताया कि उसकी बेटी लीला (25) का करीब एक माह पहले भुताला में उसके पति से तलाक हो गया। तब से बेटी उनके साथ ही रह रही है और सोमवार सुबह वह भैंस लेकर जा रही थी, तभी दो युवकोंं ने लाठियों, पत्थरों, लात व घूसों से मारपीट शुरू कर दी। भाणेज भैरूदास ने बीच बचाव का प्रयास किया, मगर उससे भी मारपीट की गई। भैरूदास दौडक़र गांव पहुंचा और लोग दौडक़र पहुंचे, तब तक आरोपी फरार हो गए और बेटी लीला श्मशान के पास बेहोश हालत में मिली। बाद में उसे सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र रेलमगरा ले गए, जहां उपचार शुरू किया गया। तभी रेलमगरा थाना पुलिस ने पीडि़ता की हालत देखी और परिजनों से आवश्यक जानकारी ली। गंभीर घायल होने से पीडि़ता के पुलिस बयान नहीं ले पाई। प्राथमिक उपचार के बाद उसे रेफर कर दिया। एम्बुलेंस चालक हरिसिंह उसे आरके जिला चिकित्सालय ले गए पहुंचे, जहां इलाज शुरू कर दिया गया। उसकी आंख, कान, नाक, चेहरे के साथ शरीर पर कई गहरे घाव है, जिसकी उसकी हालत नाजुक बनी हुई है। भंवरदास का आरोप है कि कल्याणपुरा, इटाली, आकोला (चित्तौडग़ढ़) निवासी गोविंदराम पुत्र गंगाराम व उसके भाई श्रवण द्वारा बेरहमी से मारपीट की गई है। उसकी बेटी के कपड़े फाड़ डाले, बाल पकड़ कर घसीटा और बेसुध हालत में छोडक़र फरार हो गए। यह पता नहीं चल पाया कि आखिर बेटी से मारपीट क्यों की गई।

बयान देने की हालत में नहीं
महिला गंभीर घायल होने से बयान देने की स्थिति में भी नहीं थी। उसे जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया। उपचार जरूरी होने से परिजनों ने रिपोर्ट नहीं दी और प्रकरण दर्ज नहीं हुआ है।
शंकरसिंह, एएसआई पुलिस थाना रेलमगरा

Published on:
10 Dec 2018 09:51 pm