नगर सरकार की हालात खराब होने से 45 नलकूपों के कनेक्शन काटे
जावरा। नगर सरकार की माली हालत खराब होने से बिजली बिल नहीं भर पा रहे हैं। ऐसे में नलकूपों के कनेक्शन काटे जा रहे हैं। जावरा की पेयजल आपूर्ति के लिए नगर पालिका द्वारा शहर में विभिन्न क्षेत्रों में करीब ६ टंकियां बनी हुई है, साथ ही करीब 85 नलकुप नगर पालिका द्वारा संचालित किए जाते है। नपा मेंटेनेंस तथा बिजली बिल व कर्मचारियों की तनख्वाह को लेकर सालाना करीब 1 करोड़ रुपए का खर्च आता है, इन दिनों नपा की माली हालत काफी खराब है, ऐसे में नपा के प्रशासक के आदेश पर नगर पालिका ने रविवार को शहर में स्थित 85 नलकुपों मे से 45 नलकूपों के कनेक्शन काट दिए।
नगर पालिका सीएमओं डॉ केशवसिंह सगर ने बताया कि पूरे शहर में नगर पालिका द्वारा कैलाशमान टंकी, रामबाग टंकी, सीएमओ बंगले के पीछे की टंकी, इकबाल गंजी टंकी के साथ ही चौपाटी स्थित टंकी से शहर को पेयजल की आपूर्ति की जाती है। वहीं शहर की विभिन्न कॉलोनियों तथा मोहल्लों में पेयजल के लिए नलकुप भी नपा द्वारा संचालित किए जा रहे थे, ऐसे में रहवासियों को नल तथा नलकुप दोनो से जलापूर्ति की जा रही थी, नपा पर आर्थिक बोझ बढ़ रहा था।
नलकुप के मेंटेनेंस तथा बिजली बिल पर सालाना करीब 1 करोड़ रुपए खर्च हो रहा था, इधर रहवासियों को दोनो स्त्रोतो से जल दिया जाने पर रहवासियों द्वारा पानी का दुरुपयोग भी किया जा रहा था, ऐसे में नपा को आर्थिक बोझ से उतारने के लिए नपा के प्रशासक व जावरा एसडीएम राहुल नामदेव के आदेश पर 45 नलुकपों के कलेक्शन काटे गए है। इधर कनेक्शन काटे जाने के साथ ही रहवासियो में चर्चा होने लगी, रहवासियों ने कहा कि पूर्व में भी बिल नपा द्वारा भरा जाता था, तो अब क्यों नहीं भरा जाएगा। कनेक्शन काटकर लोगों के पेयजल से वंचित किया जा रहा है।