रतलाम

LIVE VIDEO नवरात्रि : सिर पर कलश, कलश पर दीपक, फिर शुरू हुई मां की आराधना

नवरात्रि 2019 की शुरुआत हो गई है। ये रतलाम ही है जहां नौ दिन तक तडके 4 बजे से सिर पर कलश, कलश पर दीपक रखकर गरबों के माध्यम से शक्ति की आराधना होती है। यहां देखें पहले दिन हुई आराधना का VIDEO

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Sep 29, 2019
ratlam kalika mata mandir garba video
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रतलाम। नवरात्रि 2019 की शुरुआत हो गई है। देशभर में हर कोई अपनी आस्था अनुसार मां की आराधना करता है, लेकिन ये रतलाम ही है जहां नौ दिन तक तडके 4 बजे से सिर पर कलश, कलश पर दीपक रखकर गरबों के माध्यम से शक्ति की आराधना होती है। बता दे कि करीब 400 वर्ष पूर्व मां कालिका माता मंदिर की स्थापना हुई थी। 1948 में जब इसकी शुरुआत हुई तब बिजली नहीं थी। तब लालटेन की रोशनी से गरबे होते थे। अब वक्त बदल गया। यहां देखें पहले दिन शक्ति की हुई आराधना का VIDEO

पुष्प वर्षा होगी आराधिकाओं पर

बता दे कि करीब 400 वर्ष पूर्व मां कालिका माता मंदिर की स्थापना हुई थी। रतलाम शहर के हृदय में बसी मां कालिका मंदिर के पट नवरात्रि में सुबह 4 बजे खुलते हैं। पट खुलने के साथ ही शक्ति की आराणना का दौर शुरू हो जाता है। गरबा खेल कर मां की आराधना करना शुरू कर देती हैं। इस साल कालिका माता के दरबार में गरबा खेलने के लिए 2200 से अधिक बालिकाओं, महिलाओं व युवतियों ने पंजीयन करवाया है। पंजीयन का सिलसिला मंदिर में रात तक चला। मंदिर में गरबा गीत गाने के लिए इस साल गुजरात से पार्टी आएगी। अष्टमी के दिन आराधिकाओं पर पुष्प वर्षा होगी।

लालटेन में होते थे गरबे

66 सालों से ट्रस्ट के साथ जुडे़ अध्यक्ष राजाराम मोतियानी ने बताया कि 1948 से मां के दरबार में गरबे होते आ रहे हैं। आजादी मिले एक वर्ष ही हुआ था। तब उस दौरान बिजली नहीं होती थी। आराधिकाएं घर से लालटेन लेकर आती थी। लालटेन के साथ गरबे खेलकर मां की आराधना होती थी। अब अंतर सिर्फ इतना है कि गरबा पांडाल में भव्यता आ गई है। रंग, गुलाल, फूलों के साथ भी गरबा होता है, लेकिन लालटेन से जो दौर शुरू हुआ वो अब तक निरंतर जारी है।

Published on:
29 Sept 2019 01:30 pm