शुक्रवार रात रहस्यमयी ढंग से गायब हुए मनीष का शव महज 19 घंटे के भीतर शनिवार शाम उज्जैन के नीलगंगा थाना क्षेत्र से बरामद होते ही सनसनी फैल गई।
रतलाम। रतलाम जिले के आलोट पुलिस अनुभाग में विक्रमगढ़ से लापता 22 वर्षीय युवक मनीष माली की निर्मम हत्या ने पूरे क्षेत्र को हिला दिया है। शुक्रवार रात रहस्यमयी ढंग से गायब हुए मनीष का शव महज 19 घंटे के भीतर शनिवार शाम उज्जैन के नीलगंगा थाना क्षेत्र से बरामद होते ही सनसनी फैल गई। घटना के विरोध में आलोट में जनाक्रोश फूट पड़ा। थाने के बाहर हजारों की भीड़ जमा हो गई, महिलाओं ने सड़क पर चक्काजाम कर दिया और हालात बेकाबू होते नजर आए। इस दौरान पुलिस थाने पर पथराव भी किया व गेट तोड़ने की कोशिश की गई।
मनीष माली (22), पिता दिनेश माली, वार्ड-14 विक्रमगढ़ का निवासी था। शुक्रवार रात करीब 10:30 बजे वह बाजार जाने की बात कहकर घर से निकला, लेकिन वापस नहीं लौटा। परिजनों ने शनिवार सुबह आलोट थाने में अपहरण की रिपोर्ट दर्ज कराई। परिजनों के अनुसार, करीब डेढ़ साल पहले मनीष का विक्रमगढ़ निवासी मयंक उर्फ महेंद्र से एक शादी समारोह में विवाद हुआ था। इसी रंजिश के चलते आरोप है कि मयंक और उसके साथियों ने मनीष का अपहरण कर लिया।
एसडीओपी पल्लवी गौर के मुताबिक, पुलिस ने मुख्य आरोपी महेंद्र उर्फ मयंक माली सहित रितेश, निखिल और यश मुजफ्फर को गिरफ्तार कर लिया है। पूछताछ में खुलासा हुआ कि आरोपियों ने पहले शराब पार्टी की, फिर मनीष को कार से उज्जैन ले जाकर हाटकेश्वर कॉलोनी स्थित कमरे में रखा। यहां किसी युवती के विवाद को लेकर फिर कहासुनी हुई और गुस्से में आकर आरोपियों ने मनीष की हत्या कर दी। वारदात के बाद आरोपी आलोट लौट आए। पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर उज्जैन पहुंचकर कमरे से शव बरामद किया, जिसे पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेजा गया।
जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपियों ने अपने मोबाइल फोन रिसेट कर दिए थे, जिससे सबूत मिटाने की आशंका जताई जा रही है। फिलहाल सभी आरोपी पुलिस रिमांड पर हैं और पूछताछ जारी है। हत्या की खबर मिलते ही आलोट में माहौल गरमा गया। थाने के बाहर भारी भीड़ जमा हो गई। परिजन और समाजजन न्याय की मांग को लेकर डटे रहे, वहीं महिलाओं ने मुख्य मार्ग पर चक्काजाम कर जोरदार प्रदर्शन किया। स्थिति इतनी तनावपूर्ण हो गई कि थाने के अंदर तक दबाव बन गया। हालात संभालने के लिए रतलाम जिले से अतिरिक्त पुलिस बल बुलाना पड़ा।
मृतक मनीष मंडी में हम्माली का कार्य करता था। घटना के विरोध में मंडी में दोपहर 2 बजे के बाद कामकाज पूरी तरह ठप रहा और व्यापारियों व मजदूरों में आक्रोश देखा गया। कांग्रेस नेता वीरेंद्र सिंह सोलंकी ने आरोपियों का जुलूस निकालने और उनके अतिक्रमण तोड़ने की मांग की है। वहीं परिजनों ने दोषियों को फांसी जैसी कड़ी सजा देने की मांग करते हुए कहा कि उन्हें हर हाल में न्याय चाहिए।
घटना नीलगंगा थाना क्षेत्र के हाटकेश्वर विहार की है, जहां रतलाम जिले के आलोट निवासी युवक की हत्या का मामला सामने आया है। सूचना मिलते ही आलोट और उज्जैन पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी है। एफएसएल टीम और डॉग स्क्वॉड भी साक्ष्य जुटाने में लगे हैं। जिस मकान में वारदात हुई वह हाटकेश्वर कॉलोनी में स्वर्गीय मेहरबान माली का बताया जा रहा है, जो वर्तमान में उनके परिवार के नाम पर है। परिजनों ने बताया कि यह मकान करीब दो साल पहले बना था, जहां मयंक माली, उसकी पत्नी और मां का आना-जाना रहता था। बताया जा रहा है कि मृतक मनीष माली भी आलोट के उसी माली मोहल्ले का निवासी था और मयंक के घर के पास ही रहता था। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की गंभीरता से जांच कर रही है।