
रीवा। सड़क हादसे में घायल की मौत पर बवाल मच गया। परिजनों ने नाराज होकर अस्पताल का कांच तोड़ दिया। बाद में शव को लेकर अस्पताल चले गए। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंच गई। बाद में परिजन शव लेकर वापस अस्पताल आ गए। पुलिस ने मर्ग कायम कर घटना की जांच शुरू कर दी है।
घायल को परिजन लाए थे अस्पताल
योगेश सेन पिता भुवनेश्वर सेन 40 वर्ष निवासी सिरमौर मंगलवार की शाम सड़क हादसे में घायल हो गए जिनको सिरमौर सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र से रेफर करने पर रात करीब आठ बजे इलाज के लिए संजय गांधी अस्पताल लाया गया। घायल को आकस्मिक चिकित्सा वार्ड में मौजूद डाक्टरों ने चेक किया और उन्हें मृत घोषित कर दिया। चिकित्सकों द्वारा मृत घोषित करते ही परिजन भड़क गए और समीप ही दरवाजे में लगे शीशे में हांथ मार दिया जिससे कांच टूट गया। गुस्साए परिजन अस्पताल से जबरदस्ती शव लेकर जाने लगे।
पुलिस ने शव को मर्चुरी में रखवाया
वहां मौजूद सुरक्षाकर्मियों ने उनको रोकने का प्रयास किया लेकिन वे नहीं माने और शव को लेकर अस्पताल से चले गए। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंच गई। पुलिस ने परिजनों की तलाश की लेकिन कुछ देर बाद वे खुद शव लेकर अस्पताल पहुंच गए। इस दौरान पुलिस ने परिजनों को समझाईश देकर शांत कराया और शव को मर्चुरी में रखवा दिया है। सुबह पुलिस ने पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया। मृतक ट्रेजरी विभाग में लिपिक के पद पर पदस्थ थे।
आटो पलटने से हुए थे घायल
मंगलवार की सांयकाल आटो में सवार होकर अपने घर तरफ जा रहे थे। आटो में कुछ अन्य यात्री भी सवार थे। जैसे ही आटो बैकुंठपुर थाना क्षेत्र के उमरी के समीप पहुंचा तभी अचानक चालक नियंत्रण खो बैठा। तेज रफ्तार आटो अनियंत्रित होकर पलट गया जिसमें पीडि़त योगेश सेन के अलावा अन्य यात्री भी घायल हो गए। स्थानीय लोगों ने एम्बुलेंस को सूचना दी जिसके बाद घायल को इलाज के लिए सिरमौर सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र लाया गया जहां से चिकित्सकों ने एसजीएमएच के लिए रेफर कर दिया। यहां पहुंचने पर घायल की मौत हो गई।
आरोपियों की चल रही तलाश
सड़क दुर्घटना में घायल व्यक्ति को अस्पताल लाया गया था जिनको चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया था। इस दौरान परिजनों ने कांच तोड़ दिया था और शव लेकर चले गए थे। बाद में वे खुद शव लेकर अस्पताल आ गए। बैकुंठपुर थाने की पुलिस मर्ग कायम कर घटना की जांच कर रही है।
विजय सिंह, थाना प्रभारी अमहिया