Road Accident : संभागीय मुख्यालय सागर से निकलने वाले नेशनल व स्टेट हाइवे के ब्लैक स्पॉट जानलेवा साबित हो रहे हैं। हर साल इन हाइवे पर सैकड़ों हादसे हो रहे हैं।
Road Accident : संभागीय मुख्यालय सागर से निकलने वाले नेशनल व स्टेट हाइवे के ब्लैक स्पॉट जानलेवा साबित हो रहे हैं। हर साल इन हाइवे पर सैकड़ों हादसे हो रहे हैं। सड़क हादसों(Road Accident) को देखते हुए शासन-प्रशासन स्तर पर झांसी-लखनादौन व सागर-कानपुर राष्ट्रीय राजमार्ग पर तो ब्लैक स्पॉट समाप्त करने को लेकर अंडरब्रिज तैयार करने का काम शुरू हो गया है, लेकिन भोपाल, बीना राष्ट्रीय राजमार्ग व जबलपुर व सिलवानी स्टेट हाइवे(State Highway) अभी भी खतरनाक बने हुए हैं, जबकि इन हाइवे पर हर साल सैकड़ों लोगों की सड़क हादसों में मौत हो रही है।
संभागीय मुख्यालय से झांसी-लखनादौन राष्ट्रीय राजमार्ग के अलावा सागर-भोपाल, सागर-कानपुर व सागर-बीना नेशनल हाइवे हैं, वहीं सागर-जबलपुर, सागर-सिलवानी और सागर से रहली होते जबलपुर जाने वाला स्टेट हाइवे है। इन नेशनल(National Highway) व स्टेट हाइवे पर हर साल एक सैकड़ा से ज्यादा सड़क हादसे होते हैं, जिनमें मरने वालों की संख्या 200 से 400 तक होती है।
केस-1: सागर-भोपाल नेशनल हाइवे(Sagar-Bhopal National Highway) पर 27 जनवरी की रात मसुरयाई तिराहे पर सड़क हादसा हुआ था, जिसमें धार जिले से प्रयागराज जा रहे लोगों की कार को ट्रक ने टक्कर मार दी थी। हादसे में कार सवार देवेंद्र सिंह, अप्पू व अजय जायसवाल की मौत हो गई थी, वहीं तीन लोग घायल हुए थे।
केस-2: सागर-जबलपुर स्टेट हाइवे पर एक जनवरी की देर रात बहेरिया थाना के औद्यागिक क्षेत्र में सड़क हादसा हुआ। कार को सामने से आ रहे ट्रक ने टक्कर मारी, जिसमें दमोह के मलैया मिल के पास रहने वाले शिवा ठाकुर की मौत हो गई, वहीं उसका साथी अंकित तिवारी गंभीर रूप से घायल हुआ था।
● सागर-भोपाल नेशनल हाइवे पर कुछ चिन्हित ब्लैक स्पॉट हैं, जिनमें अधिकांश राहतगढ़ के आसपास हैं, इसमें खेजरामाफी, चौकी की पुलिया, धसान नदी पुल, मसुरयाई तिराहा, भैंसा तिराहा आदि शामिल हैं।
● सागर-बीना नेशनल हाइवे पर जरुआखेड़ा फाटक के आसपास का क्षेत्र, किशनपुरा, कुरुआ-ढुरुआ बीना व हिरनछिपा मोड़ बीना शामिल हैं।
● सागर-जबलपुर नेशनल हाइवे पर बहेरिया थाना के तहत औद्यागिक क्षेत्र नया ब्लैक स्पॉट बन गया है, इसके अलावा भूरेबाबा की मजार गढ़ाकोटा शामिल है।