दूसरी बार लगी राजस्व अदालत, निबटे लंबे समय से लंबित मामले। अभी भी पेंडिंग है सीमांकन, बटवारे और नामांतरण के प्रकरण, प्रचार के आभाव में नहीं पहुंचे नागरिक।
सागर. भूमि, मकान, प्लाट आदि के नामांतरण, सीमांकन, बटवारे के लंबित प्रकरणों के निराकरण के लिए बुधवार को राजस्व अदालत का आयोजन किया गया। राजस्व प्रकरणों के निराकरण के लिए लोक अदालत लगाने को यह दूसरा आयोजन था। जिले की सभी तहसील न्यायालयों में पुराने करीब ८ हजार मामलों का निराकरण किया गया। जिले में विभिन्न अवधि के करीब 20 हजार मामले लंबित हैं। पिछले दिनो प्रदेश के राजस्व मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने लंबित प्रकरणों के निराकरण के निर्देश दिए थे। राजस्व लोक अदालत में बुधवार को करीब 8 हजार प्रकरणों को निराकरण किया गया है। लोक अदालत में जिले की 11 तहसीलों में लंबित प्रकरणों को निराकरण हुआ हालांकि इस मामले में राजस्व के विवादित मामलों को शामिल नहीं किया गया था। अधिकांश मामले धारा 107/16 के निपटाए गए हैं। सागर तहसील कार्यालय में तहसीलदार डॉ. नरेंद्र बाबू यादव ने प्रकरणों की सुनवाई कर निराकरण किया। डॉ. यादव ने बताया कि सागर तहसील न्यायालय में करीब 300 मामलों का निराकरण किया गया है।
कलेक्टर ने निबटाए 133 प्रकरण
कलेक्टर प्रीति मैथिल नायक ने बताया कि जिले के राजस्व न्यायालयों में अविवादित नामांतरण, बंटवारा, नक्शा बटांकन, सीमांकन, व्यपवर्तन, आरआरसी वसूली, ऋण पुस्तिकाओं का प्रदाय, भूमि बंधक दर्ज करना, भूमि बंधन निर्मुक्तिए शोध क्षमता प्रमाण पत्र, नजूल प्रकरण, दंड प्रक्रिया के तहत करीब 8 हजार प्रकरणों पर कार्रवाई कर निराकरण किया गया है। कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी प्रीति मैथिल नायक ने 133 प्रकरणों का निराकरण किया साथ ही अपर कलेक्टर मूलचंद वर्मा ने राजस्व लोक अदालत में 231 प्रकरणों का निराकरण किया।