सागर

दुकानों के सामने लगे टीन शेड दे रहे हादसों को न्यौता, अधिकारी नहीं दे रहे ध्यान

पूर्व में हुए हादसों से भी नहीं लिया जा रहा सबक, खिमलासा में शेड उड़ने से एक महिला की जा चुकी जान, पूर्व में हुए हादसों से भी नहीं लिया जा रहा सबक, खिमलासा में शेड उड़ने से एक महिला की जा चुकी जान, सात लोग हुए थे घायल

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Jun 18, 2026
Tin sheds installed in front of shops are inviting accidents; officials are paying no heed.
दुकान के सामने असुरक्षित तरीके से लगा शेड। फोटो-पत्रिका

बीना. मुख्य मार्गों पर दुकानों के सामने टीन शेड लगे हुए हैं, जो आंधी, तूफान चलने पर हादसे का कारण बनते हैं। इसके बाद भी जिम्मेदार अधिकारी इस ओर ध्यान नहीं दे रहे हैं। जबकि पिछले वर्षों में शेड उडऩे की घटनाएं सामने आ चुकी हैं। खिमलासा के पास हुई घटना से भी अब प्रशासन को सबक लेने की जरूरत है, जिससे आगे फिर कोई हादसा न हो।
धूप, बारिश से बचने के लिए दुकानदार अपनी सुविधा के अनुसार टीन शेड लगाते हैं। यह शेड सिर्फ पाइप डालकर उनके सहारे रख दिए जाते हैं, जिससे मजबूती नहीं रहती है। तेज आंधी चलने पर उडकऱ सीधे सडक़ पर गिरते हैं। यदि इस बीच कोई राहगीर आ जाए, तो उसकी जान भी जा सकती है। कुछ वर्ष पूर्व स्टेशन रोड पर एक दुकान के सामने से शेड उडकऱ हाइटेंशन लाइन में जाकर फंसा था और वाहन चालक उसकी चपेट में आने से बचे थे। यदि शॉर्ट सर्किट के बाद तार टूटकर सडक़ पर गिर जाता, तो वाहन चालकों को करंट लग सकता था। अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के समय टीन शेड हटवा भी दिए जाते हैं, लेकिन कुछ दिन बाद ही व्यापारी फिर से शेड लगाकर अस्थायी अतिक्रमण कर लेते हैं। कुछ दुकानदारों ने हादसे न हो इसलिए टीन शेड की जगह कपड़ा या रेगजीन लगाई है।

जहां तक शेड, वहां तक फैला रहता है सामान
दुकानदार दुकान के बाहर जहां तक शेड लगाए रहते हैं, वहां तक सामान भी फैलाकर रखते हैं, जिससे वाहन चालक भी परेशान होते हैं। बाहर तक फैले सामान से फुटपाथ तक नहीं बचता है।

अतिक्रमण के दौरान शेड हटाने दिए थे निर्देश
अतिक्रमण हटाने के दौरान सीएमओ ने शेड हटाने या फिर छोटे करने के निर्देश दिए थे। इसके बाद कुछ दुकानदारों ने ही शेड छोटे किए हैं। अधिकांश दुकानों के सामने बड़े-बड़े चद्दरों के शेड असुरिक्षत तरीके से लगे हुए हैं।

कराएंगे एनाउंस
दुकानों के सामने अव्यवस्थित तरीके से लगे शेडों को हटाने के लिए दो दिन एनाउंस कराया जाएगा। यदि फिर भी शेड नहीं हटाए जाते हैं, तो नगर पालिका द्वारा हटाने की कार्रवाई की जाएगी, जिससे हादसे न हो।
राहुल कौरव, सीएमओ, बीना

Published on:
18 Jun 2026 11:43 am