सतना

सीएम मोहन ने बच्चों के साथ की मस्ती, सभी को दिया दीपावली का तोहफा

CM Mohan Yadav : मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव बच्चों द्वारा पेश दिवारी नृत्य को देख वे खुद को नहीं रोक पाए। बच्चों के बीच पहुंच नृत्य किया और लाठी भांजने की कला भी सिखाई। साथ ही उन्होंने सभी बच्चों दीपावली का तोहफा भी दिया।

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Oct 27, 2024

CM Mohan Yadav : मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव शनिवार की शाम चित्रकूट पहुंचे। सीएम सबसे पहले रामनाथ आश्रम शाला गए और वहां के विद्यार्थियों से संवाद किया। शाला के बच्चों द्वारा पेश दिवारी नृत्य को देख वे खुद को नहीं रोक पाए। बच्चों के बीच पहुंच नृत्य किया और लाठी भांजने की कला भी सिखाई। उन्होंने सभी बच्चों को एक-एक हजार रुपए का दीपावली पर्व का उपहार देने के निर्देश प्रशासन को दिए।

मुख्यमंत्री ने छोटे बच्चों से उनके सपनों के बारे में पूछा। कक्षा दूसरी की छात्रा सोनाली ने बताया कि वह 5 साल की है और बड़े होकर डॉक्टर बनना चाहती है। वहीं, बरुआ की कक्षा 5वीं की छात्रा सलोनी ने कहा कि वह चार भाई-बहनों में से एक है और मास्टर बनकर अपने गांव के लोगों को पढ़ाना चाहती है। कक्षा 7 के सुमित ने भी डॉक्टर बनने की इच्छा जताई, जबकि 10वीं के धर्मेंद्र ने देश की सेवा और गांव के विकास के लिए इंजीनियर बनने की बात कही।

जब पूछा - लाठी भांजना आता है?

मुख्यमंत्री के आगमन को देख विद्यालय में एक खास कार्यक्रम आयोजित किया गया थाा। इसमें छात्राओं ने राई नृत्य और छात्रों ने स्थानीय दिवारी नृत्य की प्रस्तुति दी। बच्चों की नृत्य प्रस्तुति देखकर मुख्यमंत्री बेहद प्रसन्न हुए और मंच से उतरकर बच्चों के बीच पहुंच गए। उन्होंने बच्चों से लाठी ली और उत्साह से कहा कि क्या तुमको लाठी भांजना आता है? बच्चों के जवाब सुनकर उन्हें दिखाया कि लाठी कैसे भांजते हैं। इसके बाद मुख्यमंत्री ने बच्चों को लाठी भांजने की कला का प्रशिक्षण भी दिया।

आज क्या खाया, कल क्या खाओगे

सीएम ने यहां मौजूद बच्चों के साथ बैठ कर फोटो खिंचवाई, फिर पूछा कि आज आप लोगों ने क्या खाया है? बच्चे मौन रहे तो अगला सवाल किया कि कल क्या खाना चाहते हों? इस पर सभी बच्चे बोल उठे कि लड्डू। सीएम यह सुन कर हंस पड़े और कलेक्टर को बुलाकर कहा कि कल बच्चों को लड्डू और मिठाई खाने में दी जाए।

दिवाली का उपहार भी दिया

मुख्यमंत्री ने बच्चों को एक-एक हजार रुपए का दीपावली का उपहार देने के निर्देश दिए। कलेक्टर से कहा कि एक हजार मूल्य का बच्चों को दीपावली का उपहार दिया जाए। हालांकि इस दौरान प्रबंधन की ओर से कहा गया कि इन्हें ट्रेक शूट दिलवा दिए जाएं। इस दौरान विद्यालय के प्राचार्य से पूछा कि आपको भी कुछ चाहिए। तब प्राचार्य ने स्कूल के लिए फर्नीचर और आश्रम में रहने वाले बच्चों के लिए बर्तन, रजाई-गद्दे की मांग रखी। यह सुन सीएम ने कहा कि कल आप पूरी सूची बना कर दे दीजिए। सभी व्यवस्थाएं करवा दी जाएंगी।

Published on:
27 Oct 2024 08:23 am
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