सतना

दूसरे दिन के हालात और खराब, नहीं पहुंचे विस उपाध्यक्ष, स्कूली बच्चों ने रखी लाज

फ्लॉप शो बन कर रह गई कांग्रेस की राम वन गमन यात्रा
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Updated: 4 Oct 2018, 2:39 PM IST
MP Election 2018: Ram van Gaman Path Yatra in satna
MP Election 2018: Ram van Gaman Path Yatra in satna

सतना. विंध्य में कांग्रेस के लिए चुनावी अस्त्र मानी जा रही राम वन गमन पथ यात्रा फ्लॉप शो साबित हो गई है। पहले दिन से ही बड़े नेताओं द्वारा बनाई गई दूरी के बीच यह प्रचारित किया गया कि दूसरे दिन विधानसभा उपाध्यक्ष राजेन्द्र सिंह इस यात्रा को चित्रकूट से आगे बढ़ाने पहुंचेंगे। स्थिति यह रही कि वे भी नहीं पहुंचे। हालात तो यह रहे कि राम वन गमन पथ यात्रा के लिए गठित समिति में जिन लोगों को शामिल किया गया था वे भी नहीं पहुंचे। जिस चित्रकूट विधानसभा क्षेत्र से यह यात्रा निकली वहां के स्थानीय विधायक भी दूसरे दिन यात्रा में नजर नहीं आए।
कांग्रेस की बहुप्रचारित राम वन गमन पथ यात्रा का इतना बुरा हश्र होगा यह खुद कांग्रेस ने भी नहीं सोचा होगा। पहले दिन यात्रा के शुभारंभ पर तो कोई बड़ा नेता नहीं पहुंचा लेकिन स्थानीय विधायक की मौजूदगी ने कुछ हद तक स्थितियां संभाल लीं। दूसरे दिन की स्थिति काफी खराब रही। यात्रा के दूसरे दिन सती अनुसुइया से शुरुआत होनी थी पर एक सैकड़ा लोग भी इकट्ठा नहीं हो सके। भीड़ दिखाने के लिए स्कूली बच्चों को खड़ा करना पड़ा। यात्रा के प्रदेश प्रभारी हरि शंकर शुक्ला और जिलाध्यक्ष राजेन्द्र मिश्रा ने बताया था कि दूसरे दिन यात्रा में विधानसभा उपाध्यक्ष राजेन्द्र सिंह शामिल होंगे। लेकिन राजेन्द्र सिंह तो दूर खुद जिलाध्यक्ष ही शामिल नहीं हुए।
यहां से गुजरी यात्रा: दूसरे दिन यात्रा सती अनुसुइया से प्रारंभ होकर पिण्डरा रोड, मझगवां, सरभंग आश्रम, सुतीक्ष्ण आश्रम तक यात्रा पहुंची है। आगे यह यात्रा गुझवा, पिपरी टोला, पगार, सभापुर, बिरसिंहपुर जाएगी। दूसरे दिन राजेन्द्र त्रिपाठी, राजेन्द्र गर्ग ब्लाक अध्यक्ष, दादू भाई कोठरी, दिलीप कुमार त्रिपाठी, राम नारायण समदरिया, राजेश द्विवेदी, रानी द्विवेदी, सुषमा गुजरल, एसएस अग्रवाल, रवि माला सिंह मौजूद रहे।
समिति के लोग ही नहीं शामिल हुए
राम वन गमन पथ यात्रा में शामिल लोगों ने बताया कि यात्रा के लिए चित्रकूट विधानसभा की जो समिति बनाई गई थी उसमें शामिल ज्यादातर लोग शामिल नहीं हुए। इस पर संबंधितों से बात की गई तो उनका कहना था कि पहले तो स्थगित होने की जानकारी सामने आई। इसके बाद अगले दिन जब समिति सदस्यों को बुलाया गया तो अल्प सूचना पर पहुंचने को कहा गया जो संभव नहीं था। तीसरा कारण यह भी बताया गया कि इस वक्त पितृ पक्ष चल रहा है और ऐसे में शुभ कार्य में लोग शामिल नहीं होते हैं। लिहाजा इस यात्रा में लोगों का जुड़ाव नहीं बन पा रहा है।

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4 Oct 2018, 2:39 PM IST
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