mp news: अफसरों-कर्मचारियों पर कलेक्टर ने जताई भारी नाराजगी, लापरवाही पर सख्ती दिखाते हुए थमाए नोटिस, कटेगा वेतन।
mp news: मध्य प्रदेश के सतना में कलेक्टर डॉ. सतीश कुमार एक बार फिर एक्शन मूड में नजर आए। यहां वर्चुअल समीक्षा बैठक के दौरान अफसरों-कर्मचारियों पर कलेक्टर की भारी नाराजगी देखने को मिली। लापरवाही पर सख्ती अपनाते हुए कलेक्टर ने 5 तहसीलदार समेत 22 कर्मचारियों को नोटिस जारी कर दिया। सतना में मुख्यमंत्री हेल्पलाइन की शिकायतों का समय पर और संतोषजनक निराकरण नहीं किए जाने पर कलेक्टर डॉ. सतीश कुमार एस ने सख्त रुख अपनाते हुए ये कार्यवाई की है।
कलेक्टर डॉ. सतीश कुमार एस ने वर्चुअल समीक्षा बैठक में कई विभागों की लापरवाही सामने आने के बाद वेतन कटौती के निर्देश दिए। कलेक्टर ने जनपद पंचायतों के पांच अधिकारियों और राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) के जिला लेखा प्रबंधक का सात दिन का वेतन काटने के आदेश जारी किए हैं। वेतन कटौती की कार्रवाई जनपद पंचायत रामपुर के खंड अधिकारी महेश शर्मा, मझगवां के खंड अधिकारी छोटेलाल शुक्ला, उचेहरा के खंड अधिकारी राजनीश जैसवाल, मझगवां जनपद में प्रधानमंत्री आवास योजना के समन्वयक विजय जायसवाल, नागौद जनपद के खंड अधिकारी कृष्ण कुमार सिंह और एनएचएम के जिला लेखा प्रबंधक सुभाष चंदेल के खिलाफ की गई है।
बैठक के दौरान कलेक्टर डॉ. सतीश कुमार एस ने सीएम हेल्पलाइन की शिकायतों के असंतोषजनक निराकरण को लेकर भी अपनी नाराजगी जताई। कलेक्टर ने 22 अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। नोटिस पाने वालों में सर्व शिक्षा अभियान के जिला परियोजना समन्वयक (डीपीसी) के साथ नागौद, उचेहरा, रामपुर, कोटर और बिरसिंहपुर के तहसीलदार शामिल हैं। इस दौरान कलेक्टर ने खाद वितरण एवं राशन वितरण की भी समीक्षा की। वहीं नर्मदा घाटी विकास बरगी नहर के समन्वय संबंधी निर्देशों में कलेक्टर ने कहा कि नागौद तहसील में सतना-पन्ना रेलखण्ड और बरगी नहर के कार्य सर्वोच्च प्राथमिकता में है। बरगी नहर के अवार्ड हेतु शेष प्रकरण अगले सप्ताह तक अनिवार्य रूप से निराकृत करें। कलेक्टर ने एसडीएम नागौद को निर्देशित किया कि बुधवार सहित सप्ताह में दो दिन नर्मदा घाटी विकास के दोनों कार्यपालन यंत्री, एसडीओ, उपयंत्री और ठेकेदार की बैठक लेकर समीक्षा करें।