
सतना। मध्यप्रदेश के सतना जिले में लाइनमैन की मौत पर जमकर बवाल हुआ। बताया गया कि नाराज परिजनों ने मंगलवार सुबह कोठी तिराहे पर शव रखकर चक्काजाम कर दिया। जिससे करीब 4 घंटे तक सतना-चित्रकूट हाइवे पर यातायात ठप पड़ गया। मरने वाला युवक बिजली कंपनी का कर्मचारी था और करीब एक माह पहले ड्यूटी के दौरान करंट की चपेट में आ गया था।
उपचार के दौरान नागपुर में उसकी मौत हो गई थी। इसी बात से परिजन नाराज थे। स्थिति संभालने मौके पर पुलिस बल के साथ तहसीलदार को भेजा गया, लेकिन वे सफल नहीं हुआ। जिसके बाद एसडीएम मौके पर पहुंचे और समझाइश देकर जाम खुलवाया।
क्या है मामला
बताया गया है कि कोठी के भैंसवार निवासी दिवाकर बिजली कंपनी में लाइनमैन था। गत जून माह में विद्युत पोल में चढ़ कर सुधार कार्य कर रहा था। तभी बिजली सप्लाई चालू हो गई और वो करंट की चपेट में आ गया। आनन-फानन में उसे जिला अस्पताल लाया गया। स्थिति गंभीर होने पर चिकित्सकों ने नागपुर रेफर कर दिया। जहां उपचार के दौरान २९ जुलाई को उसकी मौत हो गई। परिजन मंगलवार सुबह शव लेकर सतना पहुंचे। जब वे कोठी पहुंचे, तो परिवार के अन्य सदस्य भी पहुंच गए। वे काफी नाराज थे।
कंपनी के अधिकारियों पर मौत का आरोप
युवक की मौत का कारण बिजली कंपनी के अधिकारियों को मान रहे थे। लिहाजा, शव को सड़क पर रखकर चक्काजाम कर दिए। महिला-बच्चे तक सड़क पर बैठ गए। इस वक्त सुबह के 9 बजे रहे थे। स्थिति की जानकारी होने पर कोठी थाना पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन परिजन सुनने को तैयार नहीं थे। उसके बाद तहसीलदार को मौके पर भेजा गया, उनकी भी कोई सुनने को तैयार नहीं था। फिर एसडीएम मौके पर पहुंचे और परिजनों को समझाने का प्रयास किया। कार्रवाई के आश्वासन के बाद परिजन मानें और जाम खोला।
एफआईआर का आश्वासन विद्युत
परिजन ठेकेदार, जेई विद्युत मंडल प्रशांत प्रजापति भैंसवार, सहायक संजय गौतम, सुनील जायसवाल के खिलाफ मुकदमा कायम करने की मांग कर रहे थे। जब प्रशासन ने जांच के बाद एफआइआर का आश्वासन दिया। तो परिजन माने और चक्काजाम खोला।